West Bengal DA Arrears : सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार को सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लंबित महंगाई भत्ते (डीए) का 25 फीसदी हिस्सा देने का आदेश दिया है. इस फैसले के बाद बड़ी संख्या में मौजूदा और सेवानिवृत्त कर्मियों को आर्थिक लाभ मिलने की संभावना है.
किसे कितना मिलेगा?
बंगीय शिक्षक व शिक्षाकर्मी समिति के महासचिव सपन मंडल के मुताबिक, यदि राज्य सरकार आदेश का पालन करती है तो ग्रुप-ए अधिकारियों को करीब 3 लाख रुपये तक मिल सकते हैं. ग्रुप-बी और ग्रुप-सी कर्मचारियों को लगभग 1.5 से 2 लाख रुपये मिलेंगे, जबकि ग्रुप-डी कर्मियों को एक से डेढ़ लाख रुपये तक का भुगतान संभव है.
12 लाख लोगों को फायदा
अनुमान है कि इस फैसले का लाभ करीब 12 लाख लोगों को मिलेगा. इनमें लगभग 8 लाख नियमित कर्मचारी और करीब 4 लाख पेंशनभोगी शामिल हैं. यह राहत उन कर्मचारियों और रिटायर्ड कर्मियों को मिलेगी जो 2020 से पहले सेवा में थे. हालांकि आदेश का दायरा केवल उन पेंशनभोगियों तक सीमित है जो 2009 के बाद रिटायर हुए हैं.
किन पर लागू नहीं होगा आदेश
साफ किया गया है कि 2019 के बाद सरकारी सेवा में आने वाले कर्मचारियों को इसका लाभ नहीं मिलेगा. 2009 से 2019 के बीच नियुक्त कर्मचारियों को उसी अवधि का बकाया डीए दिया जाएगा. उदाहरण के तौर पर, अगर किसी ने 2014 में नौकरी शुरू की है तो उसे 2014 से 2019 तक का ही एरियर मिलेगा.
सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से राज्य सरकार पर वित्तीय बोझ बढ़ सकता है, वहीं कर्मचारियों के लिए यह लंबे समय से लंबित मांग पर बड़ी राहत माना जा रहा है.
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