Madhepura Road Accident: मधेपुरा जिले में शुक्रवार देर रात एक भीषण सड़क हादसे ने 3 परिवारों की खुशियां छीन लीं. ग्वालपाड़ा क्षेत्र से मेला देखकर लौट रहे युवकों की कार अरार थाना इलाके के पास अनियंत्रित होकर पुल की रेलिंग तोड़ते हुए नदी में जा समाई. हादसा इतना अचानक और भयावह था कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला. स्थानीय लोगों और पुलिस को सूचना मिलते ही राहत-बचाव अभियान शुरू किया गया, लेकिन नदी में पानी अधिक होने के कारण अभियान काफी मुश्किल भरा रहा. शुरुआती घंटों में तीन शव बरामद किए गए, जबकि चौथे व्यक्ति की तलाश को लेकर देर रात तक बेचैनी बनी रही. इस दुर्घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है. जिन घरों में देर रात तक अपनों के लौटने का इंतजार हो रहा था, वहां सुबह तक मातम पसरा दिखा.
स्टेशन चौक से निकले थे, मेला देखकर लौट रहे थे
जानकारी के अनुसार, कार सवार युवक शुक्रवार रात करीब 9 बजे मधेपुरा के स्टेशन चौक इलाके से निकले थे. वे ग्वालपाड़ा की ओर आयोजित दीनाभद्री मेले में गए थे और वहीं से वापस शहर लौट रहे थे. बताया जा रहा है कि रात गहराने के साथ सड़क पर सन्नाटा था और कार तेज रफ्तार में आगे बढ़ रही थी. लौटने के दौरान अरार पुल के पास अचानक वाहन का संतुलन बिगड़ गया. इसके बाद कार सीधे पुल की सुरक्षा रेलिंग से टकराई और उसे तोड़ते हुए नीचे नदी में गिर गई.
रात करीब साढ़े 12 बजे हुआ भीषण हादसा
प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार यह दुर्घटना रात करीब 12:30 बजे के आसपास हुई. हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके की ओर दौड़े. पुल के नीचे अंधेरा और नदी में अधिक पानी होने के कारण शुरुआत में हालात को समझना मुश्किल हो गया. स्थानीय स्तर पर बचाव की कोशिशें शुरू हुईं, लेकिन जल्द ही पुलिस को भी सूचना दे दी गई. इसके बाद अरार थाना की टीम घटनास्थल पर पहुंची और नदी में फंसी कार तथा लापता लोगों की तलाश शुरू कराई गई.
नदी में पानी ज्यादा होने से रेस्क्यू में आई दिक्कत
राहत कार्य के दौरान सबसे बड़ी चुनौती नदी का बढ़ा जलस्तर रहा. कार पुल से नीचे गिरने के बाद पानी में डूब गई थी, जिससे अंदर फंसे लोगों तक पहुंचना आसान नहीं था. स्थानीय गोताखोरों और पुलिस की मदद से काफी मशक्कत के बाद वाहन तक पहुंच बनाई गई. देर रात और फिर सुबह तक चले अभियान में एक-एक कर शव निकाले गए. पानी की अधिकता और बहाव के कारण रेस्क्यू टीम को कई स्तर पर कठिनाई का सामना करना पड़ा.
तीन शव पहले मिले, बाद में चौथे की भी आत आयी सामने
हादसे के बाद शुरुआती जानकारी में तीन लोगों के शव बरामद होने की बात सामने आई थी. इसी बीच चौथे युवक की तलाश को लेकर परिवार और पुलिस दोनों परेशान थे. बाद में मृतकों की पहचान स्पष्ट होने लगी और यह साफ हुआ कि कार में कुल चार लोग सवार थे. इस हादसे ने सिर्फ मधेपुरा ही नहीं, बल्कि सहरसा क्षेत्र के कई परिवारों को भी गहरे सदमे में डाल दिया.
इन युवकों की हुई पहचान
इस दर्दनाक हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान मधेपुरा स्टेशन चौक वार्ड-23 निवासी घनश्याम कुमार, सहरसा जिले के बसनही थाना क्षेत्र अंतर्गत मोकमा निवासी अंकित कुमार, सौरबाजार क्षेत्र निवासी बसंत कुमार के रूप में हुई है. सदर थाना क्षेत्र के वार्ड-14 जयपालट्टी निवासी सागर कुमार के बारे में अभी पूरी जानकारी अस्पष्ट है. घरों में कोहराम मचा है. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और मोहल्लों में भी शोक का माहौल पसरा हुआ है.
नदी से बाहर निकाली गई कार, जांच में जुटी पुलिस
हादसे के बाद प्रशासन की ओर से कार को भी नदी से बाहर निकाल लिया गया है. वाहन की हालत देखकर टक्कर की भयावहता का अंदाजा लगाया जा सकता है. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि दुर्घटना तेज रफ्तार, चालक की चूक या सड़क की किसी तकनीकी वजह से हुई. अरार थाना पुलिस पूरे मामले की छानबीन में जुटी हुई है और हादसे के कारणों को स्पष्ट करने की कोशिश की जा रही है.
मेला से लौटते वक्त हादसे ने छीनी जिंदगियां
दीनाभद्री मेला देखने के बाद लौटते समय हुआ यह हादसा इलाके के लिए गहरा सदमा बन गया है. एक खुशहाल रात कुछ ही पलों में मातम में बदल गई. लोगों का कहना है कि पुल और नदी किनारे वाले इलाकों में रात के समय अतिरिक्त सावधानी, बैरिकेडिंग और चेतावनी व्यवस्था मजबूत होनी चाहिए, ताकि इस तरह की दुर्घटनाओं को रोका जा सके.
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