Malda Rail Division : पूर्व रेलवे के मालदा मंडल ने टिकट जांच के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है. मंडल रेल प्रबंधक मनीष कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन और वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक कार्तिक सिंह के पर्यवेक्षण में किए गए प्रयासों से टिकट जांच से होने वाली आय में 116 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे मालदा मंडल भारतीय रेल के बेहतर प्रदर्शन करने वाले मंडलों में शामिल हो गया है.
आय में 116 प्रतिशत की रिकॉर्ड बढ़ोतरी
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2024–25 में मालदा मंडल को टिकट जांच से 4.10 करोड़ रुपये की आय प्राप्त हुई थी. वहीं, वित्तीय वर्ष 2025–26 के अप्रैल से नवंबर 2025 की अवधि में यह आय बढ़कर लगभग 9.00 करोड़ रुपये तक पहुंच गई. यह वृद्धि निरंतर और सघन टिकट जांच अभियानों का प्रत्यक्ष परिणाम मानी जा रही है.
बिना टिकट यात्रा के 1.30 लाख से अधिक मामले पकड़े गए
इस अवधि के दौरान बिना टिकट और अनियमित यात्रा के कुल 1,30,860 मामलों का पता लगाया गया. रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यह आंकड़ा मंडल में चलाए जा रहे अनुशासित, नियमित और प्रभावी टिकट जांच अभियानों की सफलता को दर्शाता है.
प्रमुख स्टेशनों पर सघन जांच अभियान
मालदा मंडल द्वारा मालदा टाउन, न्यू फरक्का, जंगीपुर रोड, बरहरवा, साहिबगंज, राजमहल, कहलगांव, सुल्तानगंज, भागलपुर, जमालपुर और मुंगेर जैसे प्रमुख स्टेशनों पर प्रवेश और निकास द्वारों पर कड़ी जांच की गई. इसके साथ ही छोटे हॉल्ट स्टेशनों पर भी दैनिक निरीक्षण अभियान चलाए गए, ताकि बिना टिकट यात्रा पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके.
यात्री ट्रेनों में ऑनबोर्ड टिकट चेकिंग
स्टेशन परिसरों के अलावा कई प्रमुख ट्रेनों में भी व्यापक ऑनबोर्ड टिकट जांच की गई. मालदा टाउन–एसएमवीटी अमृत भारत एक्सप्रेस, कविगुरु एक्सप्रेस, विक्रमशिला एक्सप्रेस और मालदा टाउन–किऊल इंटरसिटी एक्सप्रेस सहित विभिन्न यात्री ट्रेनों में विशेष जांच अभियान चलाकर नियमों का पालन सुनिश्चित किया गया.
RPF के सहयोग से अभियान हुए मजबूत
ये अभियान पूरे वर्ष सहायक वाणिज्य प्रबंधकों, वाणिज्य निरीक्षकों और समर्पित टिकट जांच कर्मचारियों के नेतृत्व में संचालित किए गए. रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के सक्रिय सहयोग से जांच को और अधिक प्रभावी बनाया गया, जिससे यात्रियों में अनुशासन और नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ी.
राजस्व और अनुशासन पर आगे भी रहेगा फोकस
रेलवे का कहना है कि मालदा मंडल का यह प्रदर्शन राजस्व संवर्धन, अधिकृत यात्रा को प्रोत्साहन और परिचालन अनुशासन के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है. आने वाले समय में भी इसी तरह की केंद्रित पहलों के जरिए यात्री सुविधा, अनुशासन और राजस्व प्रदर्शन को और बेहतर बनाने के प्रयास जारी रहेंगे.
इसे भी पढ़ें-बाजार में अब नहीं मिलेगी यह पेनकिलर; 100 MG से ऊपर की पेनकिलर निमेसुलाइड टैबलेट्स बैन
इसे भी पढ़ें-हावड़ा–जोधपुर सुपरफास्ट में 1 किलो सोना लूट: जांच में फंसी रेल पुलिस, 4 GRP निलंबित

