Tej Pratap-Aishwarya Controversy: पटना की फैमिली कोर्ट में मंगलवार को एक चर्चित वैवाहिक विवाद पर अहम सुनवाई तय है. तेज प्रताप यादव(Tej Pratap Yadav) और उनकी पत्नी ऐश्वर्या राय(Aishwarya Rai) के बीच लंबे समय से चल रहा तलाक मामला एक बार फिर अदालत के समक्ष आएगा. यह तीसरी कोशिश होगी जब कोर्ट दोनों पक्षों के बीच समझौते की संभावनाएं टटोलेगा.
कानूनी लड़ाई का सफर
यह प्रकरण निचली अदालत से शुरू होकर उच्च न्यायालय तक पहुंचा था. हालांकि उच्च न्यायालय ने हस्तक्षेप से इनकार करते हुए मामले को मूल अदालत में ही सुलझाने की बात कही. इसके बाद से फैमिली कोर्ट में सुनवाई जारी है.
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कानूनी जानकारों का कहना है कि यदि आपसी सहमति नहीं बनती है तो मुकदमा साक्ष्यों के आधार पर आगे बढ़ेगा. ऐसे मामलों में दस्तावेजी और मौखिक साक्ष्य निर्णायक भूमिका निभाते हैं.
राजनीतिक पृष्ठभूमि के कारण चर्चा में मामला
यह विवाद केवल पारिवारिक नहीं, बल्कि राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है. तेज प्रताप, बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री Lalu Prasad Yadav और Rabri Devi के पुत्र हैं. वहीं ऐश्वर्या, राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री Daroga Prasad Rai के परिवार से संबंध रखती हैं.
विवाद के दौरान ऐश्वर्या ने घरेलू प्रताड़ना के आरोप लगाए थे, जबकि तेज प्रताप ने वैवाहिक संबंध समाप्त करने की इच्छा जताई थी.
भरण-पोषण और आवास पर मतभेद
अदालत अंतरिम भरण-पोषण को लेकर पहले आदेश दे चुकी है. आवास को लेकर भी मतभेद सामने आए हैं. ऐश्वर्या की ओर से बेहतर आवास और मासिक आर्थिक सहायता की मांग की गई है.
दोनों का विवाह मई 2018 में हुआ था, लेकिन कुछ ही महीनों बाद मतभेद सार्वजनिक हो गए और उसी वर्ष तलाक की अर्जी दायर कर दी गई.
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