Bihar Road Project : बिहार की बड़ी सड़क परियोजनाओं में शामिल दानापुर-बिहटा-कोइलवर एलिवेटेड कॉरिडोर को लेकर अहम अपडेट सामने आया है. इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को जून 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य तय किया गया है. फिलहाल कॉरिडोर का करीब 45 प्रतिशत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, जबकि शेष 55 प्रतिशत काम को तेज़ी से आगे बढ़ाया जा रहा है.
यह जानकारी भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के परियोजना निदेशक अरबिन्द कुमार ने दी. वे बुधवार को दानापुर पहुंचे, जहां उन्होंने परियोजना स्थल का निरीक्षण किया और निर्माण की प्रगति की समीक्षा की.
बिहार की ताजा खबरों के लिए यहां क्लिक करें
25 किलोमीटर लंबा, 1969 करोड़ की लागत वाला प्रोजेक्ट
अरबिन्द कुमार ने बताया कि एलिवेटेड कॉरिडोर की कुल लंबाई करीब 25 किलोमीटर है और इस पर लगभग 1969 करोड़ रुपये की लागत आ रही है. इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य पटना और पश्चिमी बिहार के बीच यातायात को सुगम, सुरक्षित और समयबद्ध बनाना है.
परियोजना शुरू होने से पहले इस मार्ग पर रोज़ाना भारी ट्रैफिक का दबाव रहता था. लंबा जाम आम बात थी, जिससे दफ्तर जाने वाले कर्मचारी, छात्र, मरीज और व्यापारी सबसे अधिक प्रभावित होते थे. परिवहन सेवाओं के लिए भी यह रास्ता बड़ी चुनौती बना हुआ था.
बिहटा एयरपोर्ट और औद्योगिक क्षेत्रों को मिलेगी सीधी कनेक्टिविटी
परियोजना निदेशक ने बताया कि इस एलिवेटेड कॉरिडोर के पूरा होने से बिहटा एयरपोर्ट को सीधी सड़क कनेक्टिविटी मिलेगी. इसके अलावा औद्योगिक क्षेत्रों और प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों तक पहुंच आसान होगी, जिससे क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी.
निर्माण के दौरान कई चुनौतियों से जूझी परियोजना
अरबिन्द कुमार ने स्वीकार किया कि परियोजना के दौरान कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा. घनी आबादी वाले इलाकों में सीमित जगह में निर्माण, पुराने यातायात को चालू रखते हुए काम करना और मौसम की मार प्रमुख बाधाएं रहीं.
उन्होंने बताया कि इन सभी चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए काम को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया गया, ताकि आम जनता को कम से कम परेशानी हो.
NHAI का भरोसा—समय पर पूरी होगी परियोजना
परियोजना निदेशक ने कहा कि स्थानीय प्रशासन, पुलिस और निर्माण एजेंसियों के साथ लगातार समन्वय बनाए रखा गया है. सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन किया जा रहा है और सार्वजनिक हित को प्राथमिकता दी गई है. एनएचएआई का दावा है कि यह परियोजना निर्धारित समय पर पूरी होगी, जिससे पटना और पश्चिमी बिहार की यातायात व्यवस्था और विकास की तस्वीर बदल जाएगी.
इसे भी पढ़ें-जहानाबाद में अतिक्रमण हटाने के दौरान हिंसक स्थिति, पुलिस पर पथराव से मची अफरा-तफरी
इसे भी पढ़ें-राहुल गांधी को लेकर बयान से सियासी तूफान, शकील अहमद ने जताई सुरक्षा की चिंता


