25.5 C
Delhi
22 February 2026, Sunday
Home Blog Page 116

Bhagalpur : भागलपुर में EVM का द्वितीय रैंडमाइजेशन पूरा, उम्मीदवारों की मौजूदगी में हुई प्रक्रिया

भागलपुर में EVM का द्वितीय रैंडमाइजेशन पूरा
भागलपुर में EVM का द्वितीय रैंडमाइजेशन पूरा.

Bhagalpur News : बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 के तहत बुधवार को भागलपुर जिले में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) का द्वितीय रैंडमाइजेशन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ. यह प्रक्रिया समाहरणालय परिसर स्थित समीक्षा भवन सभागार में संबंधित निर्वाची पदाधिकारियों, चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों, उनके प्रतिनिधियों और भारत निर्वाचन आयोग द्वारा प्रतिनियुक्त प्रेक्षक की उपस्थिति में की गई.

मतदान केंद्रवार आवंटित हुई मशीनें

द्वितीय रैंडमाइजेशन की प्रक्रिया भारत निर्वाचन आयोग के EVM Management System (EMS) पोर्टल के माध्यम से की गई. इस दौरान प्रथम रैंडमाइजेशन के बाद उपलब्ध कराई गई मशीनों को यादृच्छिक (Random) तरीके से विधानसभा वार मतदान केंद्रों को आवंटित किया गया. इसके बाद शेष बची मशीनों को रिजर्व श्रेणी में सुरक्षित रख लिया गया ताकि मतदान के दौरान किसी मशीन के खराब होने पर उसका तत्काल प्रतिस्थापन किया जा सके.

सात विधानसभा क्षेत्रों के लिए पूरी हुई प्रक्रिया

यह प्रक्रिया जिले के 152-बिहपुर, 153-गोपालपुर, 154-पीरपैंती (अ.जा.), 155-कहलगांव, 156-भागलपुर, 157-सुल्तानगंज और 158-नाथनगर विधानसभा क्षेत्रों के लिए पूरी की गई. सभी संबंधित निर्वाची पदाधिकारियों ने निर्धारित दिशा-निर्देशों के तहत रैंडमाइजेशन कार्य सम्पन्न किया.

उम्मीदवारों के साथ साझा की गई सूची

रैंडमाइजेशन पूर्ण होने के बाद मतदान केंद्रवार आवंटित EVM की सूची और रिजर्व मशीनों की सूची सभी उम्मीदवारों के साथ साझा की गई. ये मशीनें आगामी मतदान दिवस पर संबंधित मतदान केंद्रों में उपयोग में लाई जाएंगी.

निर्वाचन आयोग की पारदर्शी व्यवस्था

भारत निर्वाचन आयोग की पारदर्शिता नीति के अनुरूप यह पूरी प्रक्रिया इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन मैनुअल में उल्लिखित दिशा-निर्देशों के तहत हुई. संबंधित दिशा-निर्देश आयोग की वेबसाइट https://www.eci.gov.in/evm&vvpat पर उपलब्ध हैं.

इसे भी पढ़ें-

छठ बाद बढ़ी भीड़, रेलवे ने अपनाया नंबरिंग सिस्टम; विक्रमशिला और अंग एक्सप्रेस में यात्रियों को मिली राहत

बिहार के मुंगेर से सबौर तक मरीन ड्राइव परियोजना तेज, EPC मोड पर अडाणी करेगी निर्माण

Bhagalpur News : भागलपुर स्टेशन पर फिर लगेज स्कैनर मशीन खराब, अब S&T को रखरखाव की जिम्मेदारी

Bhagalpur Railway station
लगेज स्कैनर मशीन खराब.

Bhagalpur News : भागलपुर स्टेशन पर यात्रियों की सुरक्षा जांच के लिए लगी लगेज स्कैनर मशीन एक बार फिर खराब हो गई है. खास मौकों और जरूरत के समय मशीन के बंद रहने से यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ती है. अमेरिकी कंपनी Secure Information Ltd. द्वारा लगाई गई यह मशीन लगातार तकनीकी दिक्कतों का सामना कर रही है. कंपनी ने वार्षिक रखरखाव अनुबंध (AMC) के तहत कोलकाता में सर्विस सेंटर बनाया है, फिर भी समय पर मरम्मत नहीं हो पा रही है.

बार-बार खराबी से अब जिम्मेदारी बदलेगी

रेलवे प्रशासन ने बार-बार आ रही खराबी को देखते हुए अब मशीन की देखरेख की जिम्मेदारी रेलवे सुरक्षा बल (RPF) से हटाकर सिग्नल एंड टेलीकॉम (S&T) विभाग को देने का निर्णय लिया है. उद्देश्य यह है कि मरम्मती में देरी न हो और मशीन हमेशा चालू स्थिति में रहे.

अमेरिका से मंगाई जा रही नई मोटर

RPF ने कंपनी से संपर्क कर मशीन की खराब मोटर बदलने का आदेश दिया है. यह मोटर अमेरिका से मंगाई गई है और फिलहाल दिल्ली से कोरियर के माध्यम से भागलपुर भेजी जा रही है. उम्मीद है कि मोटर लगने के बाद मशीन दोबारा चालू हो जाएगी.

सुरक्षा जांच में हो रही दिक्कत

लगेज स्कैनर मशीन के बंद रहने से यात्रियों के सामान की जांच मैन्युअल तरीके से करनी पड़ रही है, जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर असर पड़ता है. स्टेशन प्रशासन का कहना है कि मशीन के जल्द ही चालू होने के बाद जांच प्रक्रिया सुचारू रूप से चलने लगेगी.

इसे भी पढ़ें-

छठ बाद बढ़ी भीड़, रेलवे ने अपनाया नंबरिंग सिस्टम; विक्रमशिला और अंग एक्सप्रेस में यात्रियों को मिली राहत

बिहार के मुंगेर से सबौर तक मरीन ड्राइव परियोजना तेज, EPC मोड पर अडाणी करेगी निर्माण

Bhagalpur : छठ बाद बढ़ी भीड़, रेलवे ने अपनाया नंबरिंग सिस्टम; विक्रमशिला और अंग एक्सप्रेस में यात्रियों को मिली राहत

रेलवे ने अपनाया नंबरिंग सिस्टम
रेलवे ने अपनाया नंबरिंग सिस्टम.

Bhagalpur News : भागलपुर में छठ पर्व के बाद ट्रेनों में यात्रियों की भीड़ लगातार बढ़ने लगी है. बुधवार सुबह से ही विक्रमशिला और अंग एक्सप्रेस की जनरल बोगियों में सीट पाने के लिए यात्रियों की लंबी कतारें लग गईं. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए रेलवे प्रशासन ने इस बार एक अनोखा प्रयोग किया. एडीआरएम मालदा, शिव प्रसाद कुमार की देखरेख में आरपीएफ ने यात्रियों को टिकट के आधार पर नंबरिंग सिस्टम के तहत लाइन में खड़ा किया और उसी क्रम में जनरल कोचों में चढ़ाया गया.

दो अतिरिक्त कोचों से यात्रियों को मिली राहत

भीड़ को देखते हुए विक्रमशिला और अंग एक्सप्रेस में दो-दो जनरल कोच बढ़ाए गए. इससे यात्रियों को पिछली बार की तरह धक्का-मुक्की या सीट को लेकर मारामारी नहीं करनी पड़ी. विक्रमशिला एक्सप्रेस के छह जनरल कोचों में करीब 650 यात्रियों को आराम से बैठने की व्यवस्था की गई, जबकि अंग एक्सप्रेस में भी समान संख्या में यात्रियों ने सफर किया.

31 अक्टूबर तक विशेष ड्यूटी, एडीआरएम की निगरानी में टीम तैनात

भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए एडीआरएम शिव प्रसाद कुमार के नेतृत्व में डीपीओ सचिन कुमार, सीनियर डीसीएम अंजन और मालदा मंडल के आधा दर्जन अधिकारियों को भागलपुर स्टेशन पर 31 अक्टूबर तक विशेष ड्यूटी पर लगाया गया है. स्टेशन पर लगातार एनाउंसमेंट करने और ट्रेनों के प्लेटफॉर्म में किसी प्रकार का बदलाव न करने का निर्देश भी जारी किया गया है ताकि अफरातफरी की स्थिति न बने.

चुनाव के कारण इस बार भीड़ बंटने की उम्मीद

एडीआरएम के अनुसार, विधानसभा चुनाव को देखते हुए इस बार छठ के बाद यात्रियों की भीड़ कुछ कम रहने की संभावना है. दिल्ली सहित अन्य राज्यों से घर लौटने वाले प्रवासियों में कई लोग ऐसे हैं जो मतदान के बाद ही अपनी कर्मभूमि लौटेंगे. वहीं दिहाड़ी मजदूर वर्ग के लोग फसल कटाई के बाद वापसी करेंगे. ऐसे में ट्रेनों में पिछले साल की तुलना में दबाव कम हो सकता है.

रेलवे ने किया सुरक्षा का विशेष इंतजाम

भागलपुर स्टेशन और ट्रेनों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. आरपीएफ की अतिरिक्त तैनाती के साथ ही हर कोच में गश्ती दल को अलर्ट पर रखा गया है. प्रशासन का दावा है कि त्योहार और चुनावी सीजन के दौरान यात्रियों को बिना परेशानी के सफर की सुविधा मिलेगी.

इसे भी पढ़ें-बिहार के मुंगेर से सबौर तक मरीन ड्राइव परियोजना तेज, EPC मोड पर अडाणी करेगी निर्माण

Marine Drive : बिहार के मुंगेर से सबौर तक मरीन ड्राइव परियोजना तेज, EPC मोड पर अडाणी करेगी निर्माण

भागलपुर नगर निगम में 16,300 कंबल का आया खेप
भागलपुर नगर निगम में 16,300 कंबल का आया खेप.

Marine Drive : मुंगेर के सफियाबाद से सबौर तक प्रस्तावित मरीन ड्राइव निर्माण के लिए सर्वे कार्य ने रफ्तार पकड़ ली है. परियोजना EPC मोड पर पूरी होगी, जिसकी नोडल एजेंसी बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड है. बुधवार को अधिकारियों की टीम ने जमीन और एलाइनमेंट से जुड़ी बारीकियों की जांच के लिए सुल्तानगंज परिसीमन क्षेत्र में सर्वे किया.

टीम ने गनगनियां, कमरगंज, मसदी से लेकर अकबरनगर तक पंचायत जनप्रतिनिधियों से भू-स्वामित्व की जानकारी ली और गंगा किनारे स्थित ईंट भट्ठों का भी आकलन किया. अधिकारियों ने अभी आधिकारिक जानकारी साझा करने से इनकार किया, हालांकि सर्वे के बाद जल्द ही भू-अधिग्रहण की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी.

बीएसआरडीपसीएल के अनुसार इपीसी मोड में होने वाला कार्य एजेंसी के निर्णय पर निर्भर होता है. अडाणी इंटरप्राइजेज चाहे तो निर्माण के लिए किसी अन्य एजेंसी को भी जिम्मेदारी दे सकती है.

75.80 किमी लंबा फोरलेन व एलिवेटेड गंगा पथ

इसे भी पढ़ें- बारिश ने बिगाड़ा खेल, कैंबरा में पहला T20 बिना नतीजे के रद्द

इस परियोजना के तहत सफियाबाद से सबौर तक 75.80 किमी लंबा फोरलेन व एलिवेटेड मरीन ड्राइव बनाया जाएगा. इसे दो चरणों में पूरा किया जाना है. पहला चरण सफियाबाद से सुल्तानगंज रोड तक और दूसरा सुल्तानगंज रोड से सबौर तक होगा.

चार साल में पूरा करना होगा काम

निर्माण कार्य अडाणी इंटरप्राइजेज को सौंपा गया है. कंपनी को 1460 दिनों यानी चार साल में मरीन ड्राइव तैयार करना होगा. पहले चरण का काम कंपनी को 19.95 प्रतिशत अधिक बोली पर मिला है. दोनों हिस्सों के निर्माण और 15 वर्षों तक रखरखाव की जिम्मेदारी भी अडाणी समूह के पास रहेगी. परियोजना का कुल एस्टीमेट करीब 8292.65 करोड़ रुपए है, जिसमें पहले चरण की लागत 4450.17 करोड़ रुपए और दूसरे चरण की 3842.48 करोड़ रुपए आंकी गई है.

गंगा पथ पर तेजी से आगे बढ़ेगी विकास कड़ी

पटना की तर्ज पर मुंगेर में भी गंगा नदी किनारे आधुनिक सड़क तंत्र विकसित होने जा रहा है. परियोजना पूरी होते ही सफियाबाद से सबौर तक तेज और सुरक्षित यात्रा का मार्ग खुलेगा, साथ ही नदी किनारे बसे इलाकों को नई आर्थिक गति मिलेगी.

इसे भी पढ़ें-

 कब है तुलसी विवाह?, शुभ मुहूर्त और धार्मिक मान्यता जानें

Bihar Election 2025: सीवान में गरजे योगी; शहाबुद्दीन का नाम लेकर RJD व कांग्रेस पर ताबड़तोड़ हमला

Bihar Election 2025: सीवान में सीएम योगी
Bihar Election 2025: सीवान में सीएम योगी.

Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव जैसे जैसे नजदीक आ रहे हैं, राजनीतिक हमले और भी तेज होते जा रहे हैं. बुधवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सीवान के रघुनाथपुर में जनसभा को संबोधित किया. यह इलाका कभी शहाबुद्दीन का गढ़ माना जाता था, इसलिए यहां योगी की रैली को लेकर काफी उत्साह दिखा. मंच पर पहुंचते ही भीड़ ने “बुलडोजर मॉडल जिंदाबाद” के नारे लगाए और पास में खड़ा बुलडोजर इस संदेश को और जोरदार बना रहा था कि अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई किसी भी स्तर पर जारी रहेगी.

योगी ने शहाबुद्दीन परिवार और विपक्षी दलों को घेरा

22 मिनट के भाषण में योगी ने कांग्रेस, आरजेडी, समाजवादी पार्टी और शहाबुद्दीन के परिवार पर सीधा हमला बोला. उन्होंने कहा कि आरजेडी ने जिस उम्मीदवार को मैदान में उतारा है, वह आपराधिक छवि के लिए जाना जाता है. उन्होंने टिप्पणी करते हुए कहा कि “नाम भी ओसामा शहाब और काम भी वैसा.” योगी के निशाने पर सीवान के अपराध और राजनीति का पुराना संबंध रहा.

कांग्रेस-आरजेडी पर अपराधियों को संरक्षण देने का आरोप

योगी ने आगे कहा कि विपक्षी दल हमेशा माफियाओं का साथ देते हैं और अपराधियों पर मेहरबान रहते हैं. उनके अनुसार “ये वही लोग हैं जो कभी बाबर और औरंगजेब की मजारों पर झुकते थे. कांग्रेस और आरजेडी हमेशा माफियाओं को गले लगाती हैं.” उन्होंने आरोप लगाया कि परिवारवाद और जंगलराज ही आरजेडी की पहचान रही है, जबकि बिहार की जनता अब इनसे छुटकारा चाहती है.

बुलडोजर मॉडल की गूंज बिहार में भी

अपने भाषण के दौरान योगी ने यूपी सरकार की नीति पर जोर देते हुए कहा कि “जो कानून के दायरे से बचता है, उसे बुलडोजर पकड़ लेता है.” उन्होंने साफ किया कि अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की उनकी नीति बिहार में भी संदेश दे रही है. इसके साथ ही राम मंदिर विवाद को उठाते हुए कांग्रेस और आरजेडी पर निशाना साधा और कहा कि ये दोनों ऐतिहासिक आस्था के मुद्दों का हमेशा विरोध करते रहे हैं.

मतदाताओं से अपील: बिहार को फिर पुराना दौर नहीं चाहिए

सभा के अंत में योगी ने जनता को संदेश देते हुए कहा कि बिहार को फिर से माफियाराज के हवाले नहीं किया जा सकता. उन्होंने डबल इंजन सरकार का समर्थन करने की अपील की और कहा कि विकास की गति वही बढ़ा सकता है.

सीवान में योगी आदित्यनाथ का आक्रमक तेवर यह साफ संकेत देता है कि बिहार चुनाव में भाजपा कानून-व्यवस्था और माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई को बड़ा मुद्दा बनाकर चल रही है.

इसे भी पढ़ें-

ताड़ी पर बदलेगा नियम?, तेजस्वी यादव का बड़ा वादा, शराबबंदी में होगा संशोधन

बिहार चुनाव में आज बड़ा शक्ति प्रदर्शन, शाह-राजनाथ की रैलियां और 3 CMs की एंट्री

राहुल और तेजस्वी की रैली आज, देखें पूरी शेड्यूल, प्रियंका और खरगे भी आएंगे बिहार

भागलपुर में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए मतदाताओं को किया गया जागरूक

Tulsi Vivah 2025 : कब है तुलसी विवाह?, शुभ मुहूर्त और धार्मिक मान्यता जानें

Tulsi Vivah 2025
Tulsi Vivah 2025

Tulsi Vivah 2025: हिंदू धर्म में कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि को अत्यंत शुभ माना गया है, क्योंकि इसी दिन तुलसी विवाह का पावन उत्सव मनाया जाता है. इस दिन लक्ष्मी स्वरूपा तुलसी माता का विवाह भगवान विष्णु के स्वरूप शालिग्राम जी से कराया जाता है. यह मंगल पर्व घर में सुख, सौभाग्य और समृद्धि का आगमन कराने वाला माना जाता है. वर्ष 2025 में तुलसी विवाह का शुभ संयोग भक्तों के लिए विशेष महत्व लाता है. सही विधि और श्रद्धा के साथ की गई पूजा-अर्चना मनोकामनाओं को पूर्ण करने वाली कही जाती है और पारिवारिक जीवन में आनंद और शांति बनाकर रखती है.

तुलसी विवाह 2025: शुभ मुहूर्त

शास्त्रों के अनुसार तुलसी विवाह के लिए दिनभर में कई पवित्र समय माने जाते हैं. इन मुहूर्तों में विवाह संपन्न करना अत्यंत शुभ माना गया है.

• ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4:59 से 5:49 तक.
• प्रातः संध्या: सुबह 5:24 से 6:39 तक.
• अमृत काल: सुबह 9:29 से 11:00 तक.
• अभिजित मुहूर्त: दोपहर 11:59 से 12:45 तक.
• गोधूलि बेला: शाम 6:04 से 6:30 तक.

तुलसी विवाह क्यों होता है खास

इस दिन तुलसी माता को सुहागिन की तरह श्रृंगार कर शालिग्राम जी से विवाह कराया जाता है. तुलसी जहां धरती और प्रकृति की ऊर्जा का प्रतीक है, वहीं शालिग्राम दिव्य शक्ति के रूप माने जाते हैं. दोनों का यह मिलन प्रकृति और परमात्मा के पवित्र संतुलन का संदेश देता है. मान्यता है कि जो व्यक्ति विधि-विधान से तुलसी विवाह करता है, उसके वैवाहिक संबंधों में मधुरता बढ़ती है. साथ ही घर में धन, स्वास्थ्य और सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है. इस दिन पूजा करने से आध्यात्मिक लाभ भी प्राप्त होते हैं.

इसे भी पढ़ें-रुके हुए कार्यों में सफलता मिलेगी, जानें कैसा रहेगा सभी 12 राशियों का आज का दिन

गन्ने के मंडप में रचता है पावन विवाह

तुलसी विवाह के लिए गन्ने का मंडप बनाया जाना परंपरा मानी गई है, क्योंकि तुलसी माता को गन्ना अत्यंत प्रिय है. पूजा में बेर, चने की भाजी और आंवले का विशेष महत्व होता है.
इस दौरान पूजन सामग्री के रूप में हल्दी की गांठ, शालिग्राम, गणेश और विष्णु प्रतिमा, श्रृंगार सामग्री, बताशा, फल-फूल, दीपक, तिल, घी, रोली, कुमकुम, अक्षत, लाल चुनरी, हवन सामग्री और मिठाई का प्रयोग किया जाता है, जिससे पूजा पूर्ण और शुभ मानी जाती है.
यही सभी तत्व मिलकर तुलसी विवाह के इस दिव्य अनुष्ठान को और भी सौभाग्यशाली बनाते हैं.

इसे भी पढ़ें-

बिहार चुनाव में आज बड़ा शक्ति प्रदर्शन, शाह-राजनाथ की रैलियां और 3 CMs की एंट्री

राहुल और तेजस्वी की रैली आज, देखें पूरी शेड्यूल, प्रियंका और खरगे भी आएंगे बिहार

भागलपुर में कल से शुरू होगा पोस्टल बैलेट से मतदान, कर्मियों के लिए बने 6 फैसिलिटेशन सेंटर

भागलपुर में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए मतदाताओं को किया गया जागरूक

भागलपुर में 29 अक्टूबर को होगा EVM का द्वितीय रेंडमाइजेशन

IND vs AUS T20 : बारिश ने बिगाड़ा खेल, कैंबरा में पहला T20 बिना नतीजे के रद्द

IND vs AUS T20 Live
IND vs AUS T20 Live

IND vs AUS T20 Highlights: ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टी20 सीरीज का आगाज बारिश की भेंट चढ़ गया. भारत को पहले बैटिंग करते हुए अच्छी शुरुआत मिली और टीम ने 9.4 ओवर में एक विकेट के नुकसान पर 97 रन बना लिए. सूर्यकुमार यादव और शुभमन गिल की जमती साझेदारी के बीच तेज बारिश आई और खेल रोकना पड़ा. मौसम में सुधार नहीं होने के कारण अंपायरों ने मैच को रद्द करने का फैसला सुनाया. स्टेडियम में मौजूद दर्शक बिना परिणाम के ही लौटने पर मजबूर हुए.

इससे पहले भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच सीरीज का पहला टी20 मुकाबला खेला जा रहा था. मैच में ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया था. बल्लेबाजी की शुरुआत करने उतरी भारतीय टीम ने शुरुआती ओवरों में सधी हुई पारी खेलते हुए स्कोर 50 रन के पार पहुंचा दिया था.

Oppo Find X9 और X9 Pro ग्लोबल लॉन्च, भारत में भी जल्द एंट्री होगी और यहीं होगा असेंबल

भारत में भी जल्द एंट्री होगी
भारत में भी जल्द एंट्री होगी.

Oppo ने अपनी फ्लैगशिप Find X9 सीरीज से पर्दा उठा दिया है. बार्सिलोना में आयोजित विशेष इवेंट के दौरान Find X9 और Find X9 Pro को ग्लोबली लॉन्च किया गया है. भारतीय उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी बात यह है कि कंपनी नवंबर में दोनों फोन को भारत में भी उतारने जा रही है. साथ ही Oppo की योजना इन्हें भारत में ही मैन्युफैक्चर या असेंबल करने की है, जिससे यूरोपियन वर्ज़न के मुकाबले भारतीय कीमत कम होने की उम्मीद बढ़ गई है.

कीमत और वेरिएंट्स

यूरोपीय मार्केट में Find X9 की शुरुआती कीमत EUR 999 (लगभग ₹1,02,800) तय की गई है. इसके टॉप मॉडल Find X9 Pro की कीमत EUR 1,299 (लगभग ₹1,33,600) रखी गई है. भारत में स्थानीय निर्माण के चलते इनकी कीमत कम रखी जा सकती है. Find X9 तीन कलर ऑप्शन Space Black, Titanium Grey और Velvet Red में आएगा, जबकि Find X9 Pro दो रंगों Silk White और Titanium Charcoal में उपलब्ध होगा.

प्रोसेसर दमदार, परफॉर्मेंस होगी धांसू

कंपनी ने दोनों फोन्स में MediaTek Dimensity 9500 चिपसेट दिया है. Oppo का दावा है कि यह अब तक का उनका सबसे शक्तिशाली MediaTek प्रोसेसर है. इसमें पिछले जनरेशन की तुलना में 32% तेज CPU, 33% ज्यादा GPU और 111% बेहतर NPU परफॉर्मेंस मिलती है. साथ ही यह कम बैटरी खर्च करता है, जिससे पावर एफिशिएंसी और बैकअप दोनों बढ़ जाते हैं.

डिस्प्ले और बैटरी स्पेसिफिकेशन्स

Oppo Find X9 सीरीज में 120Hz OLED पैनल दिया गया है जो 3600nits पीक ब्राइटनेस सपोर्ट करता है. बैटरी क्षमता की बात करें तो Find X9 में 7025mAh और Find X9 Pro में 7500mAh की बैटरी मिलती है. दोनों हैंडसेट्स में 90W वायर्ड फास्ट चार्जिंग और 50W वायरलेस चार्जिंग का सपोर्ट दिया गया है.

कैमरा और मजबूती भी टॉप क्लास

Find X9 Pro में 50MP Sony LYT-828 प्राइमरी सेंसर और 200MP Hasselblad टेलीफोटो लेंस मौजूद है, जो 4K 120fps वीडियो रिकॉर्डिंग की क्षमता रखता है. दोनों मॉडल्स IP66, IP68 और IP69 रेटिंग के साथ आते हैं. यानी धूल, पानी और गर्म पानी वाली स्प्रे तक इन पर असर नहीं डाल पाएगी.

भारत लॉन्च टाइमलाइन

Oppo ने पुष्टि की है कि Find X9 सीरीज को नवंबर 2025 में भारतीय मार्केट में पेश किया जाएगा. लीक रिपोर्ट्स का दावा है कि 26 नवंबर के आसपास लॉन्च इवेंट आयोजित किया जा सकता है.

इसे भी पढ़ें-

OnePlus स्मार्टफोन सेल शुरू, 5 प्रीमियम फोन पर धमाकेदार ऑफर, देखें पूरी लिस्ट

iPhone 17 की पहली सेल में हंगामा, खरीदने की होड़ में भिड़े फैन्स, देखें वीडियो

iPhone 17 सीरीज की प्री-बुकिंग आज से शुरू, जानें कहां और कितने में प्री-ऑर्डर कर सकते हैं

OnePlus 12R vs Samsung Galaxy S24 FE – ₹40,000 में कौन है असली चैंपियन?

Bihar Election 2025: ताड़ी पर बदलेगा नियम?, तेजस्वी यादव का बड़ा वादा, शराबबंदी में होगा संशोधन

काउंटिंग से पहले राबड़ी आवास में सियासी मंथन
काउंटिंग से पहले राबड़ी आवास में सियासी मंथन

Bihar Chunav 2025: पटना में मंगलवार को महागठबंधन की ओर से जारी किए गए संयुक्त घोषणा पत्र ‘बिहार का तेजस्वी प्रण’ में आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने शराबबंदी कानून पर बड़ा बयान दिया. उनका कहना है कि इस कानून ने सबसे अधिक नुकसान पासी समाज को पहुंचाया है, जबकि ताड़ी को लेकर गलत धारणाएं बनाई गई हैं. तेजस्वी के अनुसार ताड़ी नशे वाली चीज नहीं, बल्कि प्राकृतिक पेय है.

तेजस्वी यादव ने कहा कि उनकी राजनीति सत्ता हासिल करने के लिए नहीं, बल्कि बिहार को नई दिशा देने के लिए है. उनका आरोप है कि जो लोग बिहार को केवल कब्जाने की नीयत से राजनीति करते हैं, वे कभी भी राज्य को विकास के रास्ते पर नहीं ले जा सकते.

शराबबंदी कानून में संशोधन का भरोसा, पासी समाज को राहत की तैयारी

महागठबंधन की ओर से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने दावा किया कि अगर उनकी सरकार बनी तो शराबबंदी कानून में आवश्यक बदलाव किए जाएंगे. उन्होंने साफ कहा कि ताड़ी को इस कानून की श्रेणी से पूरी तरह बाहर रखा जाएगा, ताकि पासी समाज की जीविका पर पड़े असर को खत्म किया जा सके.

तेजस्वी ने कहा कि ताड़ी में अल्कोहल नहीं होता है, फिर भी वर्तमान कानून ने इसे शराब की श्रेणी में डालकर पासी समुदाय के हजारों परिवारों की कमाई पर भारी चोट की है. यह फैसला उस समुदाय के साथ अन्याय है, जो पीढ़ियों से इसी काम पर निर्भर रहा है.

उनका यह आश्वासन उन तबकों में तेजी से चर्चा में है जो नौ वर्षों से शराबबंदी के दौरान प्रशासनिक अभियान का बोझ झेलते आए हैं.

शराबबंदी की समीक्षा और जेलों में बंद गरीबों को राहत देने का ऐलान

तेजस्वी यादव ने यह भी स्पष्ट किया कि सत्ता में आने पर ‘बिहार प्रोहिबिशन एंड एक्साइज एक्ट’ की पूरे तौर पर समीक्षा की जाएगी. उन्होंने कहा कि ताड़ी और महुआ आधारित पारंपरिक रोजगार को मद्यनिषेध कानून से अलग किया जाएगा, जिससे गरीब और दलितों के लिए न्याय सुनिश्चित हो सके. तेजस्वी ने यह भी कहा कि इस कानून की वजह से जेलों में बंद हजारों गरीबों को तत्काल राहत दी जाएगी.

आरजेडी नेता का कहना है कि ताड़ी बेचने वाले समुदाय के पास न खेत हैं और न ही कोई दूसरा रोजगार. ऐसे में पूर्ण प्रतिबंध गैर-वाजिब है, जिसे बदलना अब समय की जरूरत है.

2016 में लागू की गई पूर्ण शराबबंदी आज भी विवादों में

बिहार में अप्रैल 2016 से पूर्ण शराबबंदी लागू है. उस समय सरकार ने इसे महिलाओं की सुरक्षा और सामाजिक सुधार के तर्क के साथ लागू किया था. हालांकि प्रतिबंध के बाद अवैध शराब कारोबार के बढ़ने और निर्दोष गरीबों की गिरफ्तारी जैसी समस्याएं लगातार सवाल खड़े कर रही हैं.

कई रिपोर्टों में यह बात सामने आई है कि शराबबंदी कानून के तहत बड़ी संख्या में दलित, महादलित और पिछड़े वर्गों के लोग आज भी जेलों में हैं. इसी वजह से तेजस्वी यादव का बयान राजनीतिक के साथ-साथ सामाजिक संदर्भ में भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

वाम दल भी कानून में बदलाव को बता रहे जरूरी कदम.

वाम दलों ने भी इस मुद्दे पर तेजस्वी यादव का समर्थन किया है. सीपीआई एमएल लिबरेशन के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य पहले ही इस कानून को ढोंग करार दे चुके हैं. उनका कहना है कि INDIA गठबंधन की सरकार बनने पर इसकी गंभीर समीक्षा की जाएगी.

राजनीतिक विशेषज्ञ मानते हैं कि तेजस्वी का यह रुख एक सोची-समझी रणनीति है. इससे पासी समाज सहित वह पिछड़ा और दलित वर्ग भी उनसे जुड़ सकता है, जो वर्षों से शराबबंदी के सीधे असर को झेल रहा है. तेजस्वी खुद को एक ऐसे नेता के रूप में प्रस्तुत कर रहे हैं जो परंपरा और आजीविका दोनों के साथ न्याय करने की कोशिश कर रहा है.

इसे भी पढ़ें-

बिहार चुनाव में आज बड़ा शक्ति प्रदर्शन, शाह-राजनाथ की रैलियां और 3 CMs की एंट्री

राहुल और तेजस्वी की रैली आज, देखें पूरी शेड्यूल, प्रियंका और खरगे भी आएंगे बिहार

भागलपुर में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए मतदाताओं को किया गया जागरूक

Bihar : बिहार में दर्दनाक हादसा; रील बनाते हुए ट्रेन की चपेट में आए 3 किशोर, 2 की मौत, 1 गंभीर

रील बनाते हुए ट्रेन की चपेट में आए 3 किशोर
रील बनाते हुए ट्रेन की चपेट में आए 3 किशोर(फोटो: सोशल मीडिया)

Bihar : सोशल मीडिया पर रील बनाने के दौरान गया जिले के गुरारू-इस्माइलपुर रेलखंड पर सोमवार को तीन किशोर ट्रेन की चपेट में आ गए; हादसे में दो की मौके पर ही मौत हो गई जबकि एक गंभीर रूप से घायल है. छठ पर्व के बीच हुई इस घटना ने परिवारों और गांव में मातम फैला दिया है.

घटना स्थल और घटना का विवरण

यह घटना शंकर बिगहा मंझियामा गांव के पास हुई, जहां तीनों किशोर रेलवे ट्रैक पर मोबाइल से रील रिकॉर्ड कर रहे थे. उसी समय दोनों दिशाओं से तेज रफ्तार से ट्रेनें आ गईं. अचानक सामने ट्रेनों को देख वे घबरा गए और संभल न पाए — परिणामस्वरूप वे ट्रेन की चपेट में आ गए.

मौत और घायल: पहचान

मृतकों की पहचान 12 वर्षीय राजीव कुमार (निवासी: कोंच पाली) और 14 वर्षीय गौतम कुमार (निवासी: परैया खगड़ी बिगहा) के रूप में हुई है. तीसरा किशोर 14 वर्षीय विपिन कुमार (निवासी: परैया पराणपुर) गंभीर रूप से घायल बताया जा रहा है. तीनों बच्चे छठ पूजा के लिए मंझियामा गांव स्थित अपने मामा सुरेंद्र पासवान के घर आए हुए थे.

प्राथमिक इलाज और रेफरल

स्थानीय लोगों की मदद से घायल किशोर को पहले गुरारू के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया. प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए गया मगध मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया है. मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने घटनास्थल पर मौजूद परिजन और अधिकारियों को मदद पहुंचाई.

परिवारों का दर्द और गांव में मातम

हादसे के बाद परिजनों ने शव अपने कब्जे में लेकर अंतिम संस्कार की तैयारी शुरू कर दी. बताया जा रहा है कि मृतकों में एक सुरेंद्र पासवान का भांजा और एक नाती है, जबकि घायल किशोर उनका भतीजा है. गांव में कोहराम मचा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.

ग्रामीणों की मांग: सुरक्षा कड़ी की जाए

गांव वाले और परिजन प्रशासन तथा रेलवे प्रशासन से अनुरोध कर रहे हैं कि ट्रैक के पास निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था सख्त की जाए, ताकि आगे से कोई और बच्चा या नागरिक इस तरह की जानलेवा घटनाओं का शिकार न बने.

इसे भी पढ़ें-

मोंथा चक्रवात का असर झारखंड में, रांची में तेज बारिश, 31 अक्टूबर तक सतर्कता

बिहार चुनाव में आज बड़ा शक्ति प्रदर्शन, शाह-राजनाथ की रैलियां और 3 CMs की एंट्री

राहुल और तेजस्वी की रैली आज, देखें पूरी शेड्यूल, प्रियंका और खरगे भी आएंगे बिहार