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18 February 2026, Wednesday
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Bhagalpur News : डीडीसी ने जिला अस्पताल पहुंचकर व्यवस्थाओं की जमीनी हकीकत परखी, सुधार को लेकर दिए निर्देश

डीडीसी ने जिला अस्पताल का निरीक्षण किया.
भागलपुर डीडीसी ने जिला अस्पताल का निरीक्षण किया.

भागलपुर के उप विकास आयुक्त (डीडीसी) प्रदीप कुमार सिंह ने जिला अस्पताल, भागलपुर का औचक एवं विस्तृत निरीक्षण किया. निरीक्षण का उद्देश्य अस्पताल में आम लोगों को मिल रही चिकित्सा सेवाओं की गुणवत्ता, कार्यप्रणाली और व्यवस्थाओं का वास्तविक आकलन करना था. इस दौरान डीडीसी ने स्पष्ट किया कि जिला अस्पताल जनसामान्य के लिए स्वास्थ्य सेवाओं का प्रमुख केंद्र है और यहां आने वाले प्रत्येक मरीज को समय पर तथा गुणवत्तापूर्ण इलाज मिलना अनिवार्य है.
निरीक्षण के क्रम में उन्होंने मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत कर पंजीकरण प्रक्रिया, चिकित्सकीय परामर्श, जांच, उपचार में लगने वाले समय, दवाओं की उपलब्धता, साफ-सफाई और स्टाफ के व्यवहार को लेकर फीडबैक प्राप्त किया.

सभी प्रमुख इकाइयों का गहन निरीक्षण

डीडीसी ने पुरुष एवं महिला वार्ड, बाल रोग वार्ड, ओपीडी, आपातकालीन सेवा, एसएनसीयू, एनआरसी, पंजीकरण काउंटर, जांच कक्ष और औषधि भंडार सहित अस्पताल की सभी संवेदनशील इकाइयों का निरीक्षण किया. इसके साथ ही प्रशासनिक और चिकित्सकीय प्रक्रियाओं की व्यावहारिक स्थिति की भी समीक्षा की गई, ताकि कमियों की पहचान कर त्वरित सुधार किया जा सके.

भीड़ प्रबंधन से लेकर दवा उपलब्धता तक निर्देश

निरीक्षण के आधार पर डीडीसी ने चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ और स्वास्थ्यकर्मियों को कई अहम निर्देश दिए. ओपीडी और पंजीकरण काउंटर पर भीड़ प्रबंधन को बेहतर बनाने, आपातकालीन इकाई में तत्परता और संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने, एसएनसीयू व एनआरसी में शिशुओं और कुपोषित बच्चों की देखभाल में विशेष सतर्कता बरतने तथा जीवन रक्षक दवाओं की नियमित उपलब्धता बनाए रखने पर जोर दिया गया. साथ ही अस्पताल परिसर की स्वच्छता, संक्रमण नियंत्रण, रिकॉर्ड संधारण और अनुशासित कार्य संस्कृति को मजबूत करने के निर्देश भी दिए गए.

समीक्षा बैठक कर बनेगी समयबद्ध कार्ययोजना

निरीक्षण के बाद डीडीसी ने सिविल सर्जन और जिला स्वास्थ्य प्रशासन को निर्देश दिया कि सामने आई कमियों और सुधार की संभावनाओं को लेकर शीघ्र समीक्षा बैठक आयोजित की जाए. सभी संबंधित इकाइयों के प्रभारी पदाधिकारियों की भागीदारी से ठोस और समयबद्ध कार्ययोजना तैयार कर समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाएगा. उन्होंने स्पष्ट किया कि मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा देना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

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Ranchi Tourist Places : नये साल से पहले पिकनिक के लिए रांची के आसपास छुपी ये खूबसूरत वादियां, भीड़ से दूर मिलेगा सुकून

पिकनिक के लिए रांची के आसपास छुपी ये खूबसूरत वादियां
पिकनिक के लिए रांची के आसपास छुपी ये खूबसूरत वादियां.

Tourist Places Ranchi: पिकनिक का मौसम शुरू होते ही लोग नए साल के स्वागत की तैयारियों में जुट गए हैं. हर साल एक जैसे फॉल और डैम देखकर अगर आप ऊब चुके हैं और इस बार कुछ अलग, शांत और सुरक्षित पिकनिक स्पॉट की तलाश में हैं, तो रांची के आसपास मौजूद ये प्राकृतिक ठिकाने आपके लिए बेहतरीन विकल्प हो सकते हैं. खास बात यह है कि ये सभी जगहें रांची से 25 से 30 किलोमीटर के दायरे में हैं और यहां आसानी से पहुंचा जा सकता है.

पहाड़, झील और जंगलों के बीच नए पिकनिक स्पॉट

मारा सिल्ली पर्वत — 

मारा सिल्ली पर्वत नामकुम क्षेत्र में स्थित है और अपने धार्मिक महत्व के साथ-साथ शांत वातावरण के लिए जाना जाता है. महर्षि वाल्मीकि की तपस्या और प्रकट शिवलिंग की मान्यता के कारण यह आस्था का केंद्र रहा है, लेकिन अब यह सैलानियों के बीच नया पिकनिक स्पॉट बनता जा रहा है. रांची से इसकी दूरी करीब 20 किमी है.

ब्लू पॉन्ड— 

ब्लू पॉन्ड रिंग रोड से झिरी जाने वाले रास्ते में स्थित एक छोटा लेकिन बेहद आकर्षक तालाब है. पठारों से घिरे इस स्थल का पानी सूर्य की रोशनी में नीला नजर आता है. तंग रास्तों के कारण यहां वाहन बाहर खड़ा कर पैदल जाना पड़ता है. यह स्थान रांची से लगभग 20 से 25 किमी दूर है.

होरहाप—

होरहाप अब एक उभरता हुआ जंगल व्यू प्वाइंट बन चुका है. यहां पहाड़ी पर ट्रेकिंग कर ऊपर से प्राकृतिक दृश्य का आनंद लिया जा सकता है. रिंग रोड से करीब 25 किमी अंदर स्थित यह स्थान धीरे-धीरे पिकनिक लवर्स के बीच लोकप्रिय हो रहा है.

नदी, घाटी और प्राकृतिक झीलों का आकर्षण

छोटा सदमा (तेतरी रामपुर)—

छोटा सदमा (तेतरी रामपुर) पतरातू घाटी मार्ग पर स्थित है. गांव के रास्ते से होकर यहां पहुंचा जाता है, जहां पहाड़ और जंगलों के बीच बहती छोटी नदी मन को सुकून देती है. यह स्थान रांची से करीब 30 किमी दूर है.

रेमटा लेक (चुकरू)—

रेमटा लेक (चुकरू) जंगलों के बीच छुपी एक खूबसूरत झील है. भुसुर रोड से चुकरू मोड़ के पास से अंदर जाने पर यह झील मिलती है. प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर यह इलाका पूरी तरह सुरक्षित माना जाता है और रांची से लगभग 30 किमी दूर है.

रंगरोडी धाम—

रंगरोडी धाम कांची नदी के किनारे स्थित है, जहां नैचुरल शिवलिंग मौजूद है. झारखंड के इतिहास से जुड़े इस स्थल को केदार धाम और बाबा धाम भी कहा जाता है. नदी किनारे होने के कारण अब यह पिकनिक स्पॉट के रूप में भी पसंद किया जाने लगा है.

डैम और वैली में बिताएं सुकून के पल

रोज आइलैंड गेतलसूद—

गेतलसूद स्थित रोज आइलैंड गेतलसूद डैम के भीतर स्थित है और सूर्यास्त के समय इसकी खूबसूरती देखते ही बनती है. रांची से करीब 15 किमी दूर यह स्थान पिकनिक के लिए तेजी से लोकप्रिय हो रहा है.

सुरसू वैली—

सुरसू वैली जोन्हा जाने के रास्ते में पड़ती है और अपनी घुमावदार सड़कों व घाटी के नजारों के लिए जानी जाती है. भीड़-भाड़ से दूर यह जगह शांति पसंद करने वालों के लिए बेहतर विकल्प है.

लतरातू डैम—

लतरातू डैम हाल के दिनों में पिकनिक का पसंदीदा ठिकाना बन गया है. लोदमा होते हुए यहां पहुंचा जा सकता है. प्राकृतिक सुंदरता और गांवों के दृश्य के कारण अब यहां रिजॉर्ट भी खुलने लगे हैं.

अगर आप इस बार नए साल या वीकेंड पर कुछ अलग और शांत जगह पर समय बिताना चाहते हैं, तो रांची के आसपास की ये वादियां आपके लिए यादगार पिकनिक का अनुभव दे सकती हैं.

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Bihar Ka Mausam: बिहार में 20 दिसंबर तक लुढ़क सकता है पारा, पछुआ हवा से बढ़ेगी कनकनी, मौसम विभाग का अलर्ट

 बारिश-बर्फबारी का अलर्ट
 बारिश-बर्फबारी का अलर्ट.

Bihar Ka Mausam: बिहार में ठंड ने धीरे-धीरे अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है और आने वाले दिनों में मौसम और ज्यादा सख्त होने वाला है. सुबह और शाम के समय कनकनी वाली ठंड से लोगों की परेशानी बढ़ रही है. इसी बीच मौसम विभाग ने अलर्ट जारी करते हुए बताया है कि आज से लेकर 20 दिसंबर तक राज्य के तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जाएगी. इस दौरान राजधानी पटना समेत कई जिलों में ठंड का असर और तेज हो सकता है.

20 दिसंबर तक कितना रहेगा तापमान

मौसम विभाग के अनुसार, पटना में अगले कुछ दिनों तक न्यूनतम तापमान करीब 14 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रह सकता है. हालांकि रात और सुबह के समय तापमान में गिरावट के कारण ठंड ज्यादा महसूस होगी. राज्य के अन्य हिस्सों में भी तापमान सामान्य से नीचे जाने की संभावना जताई गई है.

पछुआ हवाओं से बढ़ेगी कनकनी

Bihar Ka Mausam: बिहार में 20 दिसंबर तक लुढ़क सकता है पारा, पछुआ हवा से बढ़ेगी कनकनी, मौसम विभाग का अलर्ट Bihar Ka Mausam
Bihar Ka Mausam

पटना के अलावा कई अन्य जिलों, विशेष रूप से पहाड़ी प्रभाव वाले इलाकों में न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, पछुआ हवाओं के सक्रिय होने से वातावरण में नमी कम होगी, जिससे ठंड की चुभन बढ़ेगी. अनुमान है कि दिसंबर के तीसरे सप्ताह में लोगों को कड़ाके की ठंड का अहसास हो सकता है.

पश्चिमी विक्षोभ से बदलेगा मौसम

मौसम विभाग ने बताया कि पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुआ है, जिसका असर 17 दिसंबर के बाद बिहार के मौसम पर देखने को मिलेगा. इसके कारण अधिकतम तापमान में भी गिरावट आ सकती है. फिलहाल राज्य के कई जिलों में सुबह और शाम घना कोहरा छाया हुआ है, जिससे दृश्यता प्रभावित हो रही है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है.

पिछले 24 घंटे का हाल

बीते 24 घंटे में फारबिसगंज में अधिकतम तापमान 28.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि कैमूर में न्यूनतम तापमान 7.1 डिग्री सेल्सियस रहा. पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, रोहतास, नवादा और अररिया में रात का तापमान 9 से 10 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया. अन्य जिलों में न्यूनतम तापमान 10 से 12.4 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा. IMD के अनुसार, दिसंबर के अंतिम दिनों में मौसम एक बार फिर करवट ले सकता है.

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Bihar News : पटना सहित कई जिलों में 4942 नई राशन दुकानों को खोलने की तैयारी, डीलरशिप का मौका

नई राशन दुकानों को खोलने की तैयारी
नई राशन दुकानों को खोलने की तैयारी(सांकेतिक तस्वीर)

Bihar News : बिहार सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को मजबूत और अधिक प्रभावी बनाने के लिए राज्यभर में 4942 नई सरकारी राशन दुकानों की डीलरशिप देने का निर्णय लिया है. बढ़ती आबादी और लगातार बढ़ रहे राशनकार्ड धारकों की संख्या के कारण कई जिलों में मौजूदा दुकानों पर अत्यधिक दबाव बन गया है. इसी समस्या को दूर करने और लाभार्थियों को नजदीक में राशन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है. खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने इस दिशा में प्रक्रिया शुरू कर दी है.

2583 दुकानों के लिए जारी हुआ विज्ञापन, हजारों आवेदन प्राप्त

खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की ओर से फिलहाल 2583 नई राशन दुकानों की डीलरशिप के लिए विज्ञापन जारी किया गया है. इन दुकानों के लिए अब तक 13,794 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं. विभागीय अधिकारियों के अनुसार, आवेदन की संख्या से साफ है कि पीडीएस डीलरशिप को लेकर लोगों में जबरदस्त रुचि है. शेष 2359 दुकानों की डीलरशिप के लिए भी जल्द ही अलग-अलग चरणों में विज्ञापन जारी किए जाएंगे.

नई दुकानों से पीडीएस व्यवस्था होगी अधिक सुगम

अधिकारियों का कहना है कि सभी 4942 नई राशन दुकानों के चालू होने के बाद राज्य की पीडीएस व्यवस्था पहले की तुलना में कहीं अधिक सुचारू, पारदर्शी और प्रभावी हो जाएगी. इससे न केवल राशन वितरण में लगने वाला समय कम होगा, बल्कि भीड़ और शिकायतों में भी कमी आएगी. खासतौर पर दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों और तेजी से फैल रहे शहरी क्षेत्रों को इसका सीधा लाभ मिलेगा.

क्यों महसूस हुई नई राशन दुकानों की जरूरत

सरकारी मानकों के अनुसार शहरी क्षेत्रों में 1350 और ग्रामीण क्षेत्रों में 1900 राशनकार्ड धारकों पर एक सरकारी राशन दुकान होनी चाहिए. लेकिन बीते कुछ वर्षों में राशनकार्ड धारकों की संख्या में तेज वृद्धि के कारण कई जिलों में यह अनुपात काफी बिगड़ गया है. परिणामस्वरूप, कई इलाकों में लोगों को राशन लेने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है और दुकानों पर भारी भीड़ लगती है. नई दुकानों के खुलने से इस दबाव को काफी हद तक कम किया जा सकेगा.

पटना जिले में सबसे ज्यादा नई PDS दुकानें

नई राशन दुकानों की संख्या के मामले में पटना जिला राज्य में सबसे आगे है. यहां कुल 435 नई पीडीएस दुकानों की डीलरशिप दी जाएगी. इसके बाद मुजफ्फरपुर में 356, भागलपुर में 336, पूर्णिया में 320, रोहतास में 245 और पश्चिम चंपारण में 242 नई दुकानों की योजना है. इसके अलावा मधुबनी में 248, गया में 240, सीवान में 229, सीतामढ़ी में 196 और कटिहार में 191 नई राशन दुकानें खोली जाएंगी. वैशाली, दरभंगा, समस्तीपुर, खगड़िया, किशनगंज सहित अन्य जिलों को भी इस विस्तार का लाभ मिलेगा.

कुछ जिलों में पूरी हो चुकी है डीलरशिप प्रक्रिया

पश्चिम चंपारण जिले में सभी 242 नई राशन दुकानों की डीलरशिप प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और संबंधित लाइसेंस भी जारी कर दिए गए हैं. वहीं बांका, बेगूसराय, नालंदा, भोजपुर, अररिया और सारण जैसे जिलों में फिलहाल नई राशन दुकानों की कोई रिक्ति नहीं है. विभाग के अनुसार इन जिलों में राशनकार्ड और दुकानों का अनुपात अभी संतुलित है.

राशनकार्ड सत्यापन अभियान होगा तेज

पीडीएस व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए केंद्र सरकार की ओर से उपलब्ध कराई गई संदिग्ध राशनकार्डों की सूची के आधार पर बिहार में विशेष अभियान चलाया जाएगा. यह अभियान 17 दिसंबर से 30 दिसंबर तक कैंप मोड में संचालित होगा. इस दौरान राशनकार्डों का भौतिक सत्यापन किया जाएगा और शत-प्रतिशत आधार सीडिंग सुनिश्चित की जाएगी. सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि अपात्र या संदिग्ध राशनकार्डों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए.

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दिल्ली-आगरा एक्सप्रेसवे पर कई बसें आपस में भिड़ीं, 4 की मौत, 25 घायल, आग से मचा हड़कंप

दिल्ली-आगरा एक्सप्रेसवे पर कई बसें आपस में भिड़ीं
दिल्ली-आगरा एक्सप्रेसवे पर कई बसें आपस में भिड़ीं.

Delhi Agra Expressway Accident: मथुरा जिले से गुजरने वाले दिल्ली-आगरा एक्सप्रेसवे पर घने कोहरे ने भयावह रूप ले लिया. बेहद कम दृश्यता के कारण एक्सप्रेसवे पर एक के बाद एक कई वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गए. कुछ ही पलों में यह इलाका चीख-पुकार और धुएं से भर गया, जब तेज रफ्तार बसें और कारें आपस में टकरा गईं और कई वाहनों में आग लग गई.

कोहरे में थमी नजरें, तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुबह के समय कोहरा इतना घना था कि आगे चल रहा वाहन आखिरी क्षणों में ही दिखाई दे रहा था. बताया जा रहा है कि पहले एक वाहन अचानक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हुआ. पीछे से आ रही बसों और कारों को संभलने का मौका नहीं मिला और वे एक-दूसरे से टकराती चली गईं. देखते ही देखते सात बसें और तीन कारें भीषण हादसे का शिकार हो गईं.

टक्कर के बाद लगी आग, यात्रियों में मची भगदड़

हादसे के बाद हालात और भयावह हो गए जब टक्कर की चपेट में आई तीन से चार बसों में आग लग गई. बसों के अंदर बैठे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई. कई लोग नींद में थे और धमाके की आवाज सुनकर हड़बड़ा गए. आग और धुएं के बीच यात्रियों ने किसी तरह बसों से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई. कुछ लोग शीशे तोड़कर बाहर आए, तो कुछ ने एक-दूसरे की मदद से सुरक्षित स्थान तक पहुंचने की कोशिश की.

प्रशासन मौके पर, बड़े पैमाने पर चला रेस्क्यू

हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, फायर ब्रिगेड और स्वास्थ्य विभाग की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं. राहत और बचाव कार्य के लिए 11 दमकल वाहन और 14 एंबुलेंस तैनात की गईं. जिलाधिकारी, एसएसपी, सीओ और एसडीएम स्वयं घटनास्थल पर मौजूद रहे और रेस्क्यू ऑपरेशन की निगरानी की. आग पर काबू पाने के बाद क्षतिग्रस्त वाहनों से घायलों को बाहर निकाला गया.

चार मौतों की पुष्टि, दर्जनों घायल

प्रशासन की ओर से जारी प्रारंभिक जानकारी के अनुसार इस दर्दनाक हादसे में अब तक चार लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है. वहीं 25 से अधिक घायल यात्रियों को इलाज के लिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. कई अन्य लोगों को मामूली चोटें आई हैं. डॉक्टरों के मुताबिक अधिकतर घायलों की हालत स्थिर बनी हुई है, हालांकि कुछ की निगरानी की जा रही है.

कोहरे को लेकर अलर्ट, जांच के आदेश

घटना के बाद प्रशासन ने घने कोहरे के मद्देनजर एक्सप्रेसवे पर सतर्कता बढ़ाने के निर्देश दिए हैं. हादसे के कारणों की विस्तृत जांच के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं. पुलिस का कहना है कि तेज रफ्तार और कम दृश्यता इस दुर्घटना की बड़ी वजह मानी जा रही है.

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पटना हाईकोर्ट स्टेनोग्राफर भर्ती परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी, यहां सिर्फ एक क्लिक में करें डाउनलोड

2 जनवरी की परीक्षा का एडमिट कार्ड जारी
2 जनवरी की परीक्षा का एडमिट कार्ड जारी

PHC Stenographer Admit Card 2025 OUT: पटना हाईकोर्ट ने स्टेनोग्राफर भर्ती परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी कर दिया है. जिन उम्मीदवारों ने इस भर्ती के लिए आवेदन किया था, वे अब ऑफिशियल वेबसाइट patnahighcourt.gov.in से अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं. बिना एडमिट कार्ड के परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा.

भर्ती के पद और आवेदन प्रक्रिया

पटना हाईकोर्ट की इस भर्ती प्रक्रिया के तहत कुल 111 पदों पर स्टेनोग्राफर की नियुक्ति की जाएगी. आवेदन प्रक्रिया 21 अगस्त 2025 से शुरू हुई थी और 19 सितम्बर 2025 तक चली. अब सभी पात्र उम्मीदवार अपने एडमिट कार्ड को डाउनलोड कर परीक्षा में शामिल होने की तैयारी कर सकते हैं.

एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की प्रक्रिया

उम्मीदवार अपने एडमिट कार्ड को निम्नलिखित तरीके से डाउनलोड कर सकते हैं:

  • सबसे पहले पटना हाईकोर्ट की ऑफिशियल वेबसाइट patnahighcourt.gov.in पर जाएं.
  • होमपेज पर PHC Stenographer Admit Card 2025 से जुड़ा लिंक खोजें और उस पर क्लिक करें.
  • अपना रजिस्ट्रेशन नंबर और जन्म तिथि जैसी जरूरी जानकारी दर्ज करें.
  • सबमिट करते ही आपका एडमिट कार्ड स्क्रीन पर खुल जाएगा.
  • एडमिट कार्ड डाउनलोड करें और उसका प्रिंट आउट निकाल लें.

Patna High Court Stenographer Admit Card 2025 Download

परीक्षा की तिथि और केंद्र

परीक्षा 22 दिसम्बर 2025 को आयोजित की जाएगी. एडमिट कार्ड में परीक्षा का समय, तारीख और केंद्र की पूरी जानकारी दी गई है. उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे परीक्षा से पूर्व एडमिट कार्ड में दिए निर्देशों को ध्यानपूर्वक पढ़ लें और समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुँचें.

परीक्षा में जरूरी नियम

परीक्षा के दिन उम्मीदवारों को एडमिट कार्ड के साथ वैध फोटो पहचान पत्र अवश्य ले जाना होगा. मोबाइल फोन, स्मार्टवॉच या किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण परीक्षा केंद्र में ले जाने की अनुमति नहीं होगी. उम्मीदवारों से अनुरोध है कि वे सभी आवश्यक दस्तावेज और एडमिट कार्ड समय रहते तैयार रखें ताकि परीक्षा में किसी प्रकार की दिक्कत न आए.

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Currency Crisis: 10, 20 और 50 रुपये के नोट बाजार से गायब!, नकद लेनदेन मुश्किल

नोट बाजार से गायब!
नोट बाजार से गायब!

Currency Crisis: देश में 10, 20 और 50 रुपये के नोटों की किल्लत ने आम जनता और छोटे व्यापारियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. अखिल भारतीय रिज़र्व बैंक कर्मचारी संघ (एआईआरबीईए) ने इस स्थिति को लेकर आरबीआई के उच्च अधिकारियों को गंभीर चिंता जताई है. संघ का कहना है कि देश के कई हिस्सों से छोटे मूल्य वाले नोट लगभग गायब हो चुके हैं, जिससे दैनिक लेन-देन में कठिनाई पैदा हो रही है.

छोटे नोटों की कमी का असर

रोजमर्रा के खर्चों में यह समस्या खास तौर पर कस्बों और ग्रामीण इलाकों में ज्यादा महसूस की जा रही है. स्थानीय परिवहन, किराना और सब्जी की खरीदारी में दुकानदार और ग्राहक दोनों ही परेशान हैं. छोटे दुकानदारों के पास पर्याप्त छुट्टे न होने के कारण अक्सर लेन-देन में विवाद उत्पन्न हो रहे हैं.

एटीएम और बैंक शाखाओं की स्थिति

कर्मचारी संघ ने बताया कि अधिकांश एटीएम से केवल उच्च मूल्य के नोट ही निकल रहे हैं. 200 या 500 रुपये के नोट आसानी से उपलब्ध हैं, लेकिन 10, 20 और 50 रुपये के नोट न के बराबर हैं. इसी प्रकार, बैंकों की शाखाएं भी छोटे नोट उपलब्ध कराने में असमर्थ दिख रही हैं, जिससे नकद लेन-देन करने वालों की समस्याएं और बढ़ रही हैं.

डिजिटल भुगतान समाधान नहीं

संघ ने यह भी स्पष्ट किया कि डिजिटल भुगतान का प्रचार होने के बावजूद यह समस्या का पूरा समाधान नहीं है. देश की एक बड़ी आबादी आज भी छोटे खर्चों के लिए नकद पर निर्भर है. ग्रामीण इलाकों, बुजुर्गों और छोटे व्यापारियों के लिए डिजिटल भुगतान हर जगह व्यवहारिक विकल्प नहीं बन पाया है.

मुद्रा प्रबंधन पर उठते सवाल

एआईआरबीईए ने यह तथ्य भी उजागर किया कि डिजिटल भुगतान बढ़ने के बावजूद देश में कुल मुद्रा लगातार बढ़ रही है. इसके बावजूद छोटे मूल्य वाले नोट बाजार में नहीं आ रहे हैं, जिससे मुद्रा प्रबंधन और वितरण की प्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं.

सिक्कों से भी राहत नहीं

छोटे नोटों की कमी को पूरा करने के लिए सिक्कों का इस्तेमाल बढ़ाने की कोशिशें की गईं, लेकिन पर्याप्त सिक्कों की उपलब्धता न होने और लोगों की सीमित स्वीकार्यता की वजह से यह प्रयास सफल नहीं हो पाया. छोटे लेन-देन की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं.

आरबीआई से तत्काल हस्तक्षेप की मांग

अखिल भारतीय रिज़र्व बैंक कर्मचारी संघ ने आरबीआई से मांग की है कि वाणिज्यिक बैंकों और आरबीआई काउंटरों के माध्यम से छोटे नोटों का पर्याप्त वितरण सुनिश्चित किया जाए. एटीएम में भी छोटे मूल्य वाले नोट शामिल किए जाएं. इसके साथ ही संघ ने ‘कॉइन मेला’ दोबारा आयोजित करने का सुझाव दिया है, ताकि पंचायतों, सहकारी संस्थाओं, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों और स्वयं सहायता समूहों के सहयोग से सिक्कों और छोटे नोटों का व्यापक प्रचलन सुनिश्चित किया जा सके.

आम आदमी के लिए राहत की उम्मीद

छोटे नोटों की किल्लत ने यह साफ कर दिया है कि नकद अर्थव्यवस्था आज भी आम आदमी और छोटे कारोबारियों के लिए आवश्यक है. अब देखना यह है कि आरबीआई और बैंकिंग सिस्टम इस संकट से निपटने के लिए कितनी जल्दी ठोस कदम उठाते हैं, ताकि आम जनता और छोटे व्यापारी राहत महसूस कर सकें.

भाषा इनपुट के साथ

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Bhagalpur Crime : लूट-छिनतई और गोलीबारी में शामिल अपराधी गिरफ्तार, नाथनगर पुलिस को बड़ी सफलता

गोलीबारी में शामिल अपराधी गिरफ्तार
गोलीबारी में शामिल अपराधी गिरफ्तार.

Bhagalpur Crime : भागलपुर में नाथनगर थाना पुलिस ने लूट, छिनतई और गोलीबारी जैसी वारदातों में शामिल एक शातिर अपराधी को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने बाबूटोला के समीप से फरार चल रहे आरोपित अंटा मंडल को दबोचा है, जो पुरानीसराय इलाके का निवासी है.

छह माह पहले की गोलीबारी में बच्ची हुई थी घायल

पुलिस के अनुसार अंटा मंडल ने अपने गुर्गों के साथ करीब छह माह पूर्व पुरानीसराय इलाके में गोलीबारी की थी, जिसमें एक बच्ची गंभीर रूप से जख्मी हो गई थी. उस समय भी पुलिस ने हथियार और गोली के साथ कुछ आरोपितों को गिरफ्तार किया था. हाल ही में हुई मोबाइल छिनतई की घटना में भी अंटा मंडल की संलिप्तता सामने आई है, जिसे उसने पूछताछ के दौरान स्वीकार किया है.

पूरे गिरोह की आपराधिक गतिविधियों का खुलासा

पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि मधुसूदनपुर थाना पुलिस द्वारा चार-पांच दिन पहले कट्टा और गोली के साथ गिरफ्तार किए गए दो अपराधी भी अंटा मंडल के ही गिरोह से जुड़े थे. पूछताछ में अंटा ने बताया कि उसका गिरोह बायपास और आसपास के इलाकों में लगातार छिनतई और लूट की घटनाओं को अंजाम देता था. कई मामलों में वह खुद शामिल रहता था, जबकि अन्य वारदातें उसके गुर्गे करते थे. पुरानीसराय इलाके में उसके नाम का खासा दहशत भी फैला हुआ था.

पूछताछ के बाद भेजा गया न्यायिक हिरासत में

नाथनगर इंस्पेक्टर राजीव रंजन सिंह ने बताया कि गिरफ्तार आरोपित से पूछताछ में अपराध से जुड़ी कई अहम जानकारियां मिली हैं. सभी साक्ष्य जुटाने के बाद शनिवार को उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है. पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में छापेमारी कर रही है.

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Bhagalpur : भागलपुर में आधारभूत संरचना योजनाओं की समीक्षा, समन्वय से समय पर काम पूरा करने के निर्देश

भागलपुर डीएम
ई-केवाईसी के लिए 6 से 9 जनवरी तक लगेगा शिविर.

Bhagalpur : भागलपुर में जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी की अध्यक्षता में आधारभूत संरचना से जुड़े विभागों के कार्यपालक अभियंताओं के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक में जिले में चल रही विभिन्न योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर तय समय-सीमा में पूरा करने पर जोर दिया गया.

आपसी समन्वय की कमी पर नाराजगी

समीक्षा के दौरान कई योजनाएं दो विभागों के बीच समन्वय के अभाव में लंबित पाई गईं. इस पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि संबंधित विभाग संयुक्त रूप से स्थल निरीक्षण करें और आपसी समन्वय स्थापित करते हुए विस्तृत कार्य योजना तैयार कर कार्य को शीघ्र पूरा करें.

सड़क चौड़ीकरण और पोल शिफ्टिंग पर निर्देश

पथ निर्माण विभाग कार्य प्रमंडल भागलपुर एवं विद्युत आपूर्ति शहरी तथा पूर्वी भागलपुर को निर्देश दिया गया कि भागलपुर से गोराडीह होते हुए कोतवाली तक 17.14 किलोमीटर सड़क चौड़ीकरण योजना के तहत स्थल निरीक्षण कर बिजली के पोल शिफ्टिंग का प्राक्कलन तैयार करें और कार्य को तेजी से पूर्ण करें.
इसके साथ ही भोलानाथ पुल के निर्माण को लेकर वरीय परियोजना अभियंता, बुडको निर्माण भागलपुर एवं परियोजना निदेशक, बुडको को आपसी समन्वय के साथ 26 जनवरी तक बिजली पोल शिफ्टिंग का कार्य पूरा करने का निर्देश दिया गया.

भूमि विवाद और गुणवत्ता पर सख्ती

जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि भूमि से संबंधित किसी भी समस्या के समाधान के लिए पहले अंचलाधिकारी से पत्राचार किया जाए. यदि समस्या का समाधान नहीं हो, तो भूमि सुधार उपसमाहर्ता से समन्वय कर आगे अपर समाहर्ता (राजस्व) के स्तर पर मामला रखा जाए.
सभी कार्यपालक अभियंताओं को निर्देश दिया गया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में संचालित योजनाओं का समय-समय पर औचक निरीक्षण करें और कार्य की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न होने दें.

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Bhagalpur News : भागलपुर में SC/ST Act की समीक्षा बैठक, दुरुपयोग रोकने पर जोर

भागलपुर
पीएम किसान योजना में पंजीकरण व e-KYC बढ़ाने पर जोर.

Bhagalpur News : भागलपुर में जिला पदाधिकारी की अध्यक्षता में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के तहत गठित जिला स्तरीय सतर्कता एवं अनुश्रवण समिति की इस वर्ष की तीसरी बैठक समीक्षा भवन में आयोजित की गई. बैठक में अधिनियम के प्रावधानों के त्वरित और प्रभावी अनुपालन को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई.

मुआवजा, पेंशन और मामलों की स्थिति

बैठक में बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में इस अधिनियम के अंतर्गत आवंटित राशि से अब तक 224 पीड़ितों/आश्रितों को मुआवजा दिया जा चुका है. इस वर्ष जिले में अब तक कुल 187 मामले दर्ज हुए हैं, जिनमें सभी मामलों में अधिनियम की धाराओं के अनुरूप जिला पदाधिकारी की स्वीकृति के बाद मुआवजा राशि का भुगतान किया गया है.
SC/ST Act के तहत 46 आश्रितों को अनुमान्य पेंशन राशि का प्रतिमाह नियमित भुगतान किया जा रहा है. वहीं, नवंबर माह में दोनों पुलिस जिलों में न्यायालय में विचाराधीन चार मामलों में अंतिम निर्णय हुआ, जिसमें तीन अभियुक्तों को सजा सुनाई गई.

जांच, चार्जशीट और दुरुपयोग रोकने के निर्देश

जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अधिनियम का किसी भी स्तर पर दुरुपयोग न हो और जांच पदाधिकारी संवेदनशीलता के साथ मामलों की जांच सुनिश्चित करें. भूमि विवाद से जुड़े मामलों में पंजीकरण से पहले समुचित जांच के बाद ही नियमानुसार आगे की कार्रवाई करने को कहा गया.
इसके साथ ही न्यायालय में आरोप पत्र समर्पण हेतु लंबित 319 मामलों में पुलिस पदाधिकारियों को त्वरित एवं संवेदनशील अनुसंधान पूर्ण कर चार्जशीट दाखिल करने का निर्देश दिया गया.

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