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Bhagalpur News : बुडको ने जमा की 8.26 करोड़ की राशि, पंपिंग स्टेशन निर्माण को अब सिर्फ NOC का इंतजार

भागलपुर नगर निगम में 16,300 कंबल का आया खेप
भागलपुर नगर निगम में 16,300 कंबल का आया खेप.

Bhagalpur News : भागलपुर नगर क्षेत्र में गंगा तट के किनारे बूढ़ानाथ से लेकर बरारी तक चल रहे सीवेज ट्रीटमेंट प्रोजेक्ट (STP) को अब नई गति मिलने वाली है. लंबे समय से अटके पांच पंपिंग स्टेशनों के निर्माण का रास्ता आखिरकार साफ हो गया है. बिहार अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (बुडको) ने वन्यप्राणी क्लीयरेंस के लिए 8 करोड़ 26 लाख 58 हजार रुपये की राशि वन विभाग को जमा कर दी है. यह रकम कैंपा फंड के तहत ‘वाइल्डलाइफ मिटिगेशन मेजर’ के लिए बतौर अतिरिक्त शुल्क दी गई है.

इस प्रोजेक्ट के तहत कुल 10 पंपिंग स्टेशन बनाए जाने हैं. इनमें से पांच का निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है, जबकि शेष पांच स्टेशनों का काम गंगा किनारे स्थित होने की वजह से रुका हुआ था. वन विभाग ने बिना वन्यप्राणी क्लीयरेंस के निर्माण पर रोक लगा दी थी. अब निर्धारित राशि के भुगतान के बाद विभाग से मंजूरी मिलने का रास्ता खुल गया है.

एनओसी जारी होते ही शुरू होगा निर्माण कार्य

बुडको अधिकारियों ने बताया कि राशि जमा करने के बाद अब वन विभाग से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) मिलने की प्रक्रिया शुरू हो गई है. बुडको की ओर से चीफ वाइल्डलाइफ वार्डन के साथ बातचीत पूरी हो चुकी है और संबंधित दस्तावेज व भुगतान विवरण विभाग को भेज दिए गए हैं. नगर विकास एवं आवास विभाग के एमडी स्तर से भी इस मामले पर पहल की जा रही है ताकि जल्द से जल्द एनओसी जारी हो सके. मंजूरी मिलते ही गंगा किनारे के शेष पांच पंपिंग स्टेशनों का निर्माण कार्य आरंभ किया जाएगा.

कहलगांव STP को भी मिली राहत

कहलगांव में भी सीवेज ट्रीटमेंट प्रोजेक्ट का कार्य क्लीयरेंस के अभाव में रुका हुआ था. अब बुडको ने वहां के लिए भी 98.40 लाख रुपये वन विभाग को जमा कर दिए हैं. राशि जमा होने के बाद अब केवल एनओसी जारी होने की औपचारिकता बाकी है, जिसके बाद निर्माण कार्य शुरू होगा.

बोलेआधिकारिक

“भागलपुर और कहलगांव, दोनों स्थानों के लिए वन्यप्राणी क्लीयरेंस की राशि जमा कर दी गई है. एनओसी मिलने के बाद शेष निर्माण कार्य तेजी से शुरू होगा. इस संबंध में वन विभाग से सकारात्मक बातचीत चल रही है.”
— अखिलेश प्रसाद, कार्यपालक अभियंता, बुडको, भागलपुर.

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RRB JE Vacancy: रेलवे में 60 हजार सैलरी वाली नौकरी, आज से करें आवेदन

रेलवे में 60 हजार सैलरी वाली नौकरी
रेलवे में 60 हजार सैलरी वाली नौकरी.

RRB JE Vacancy: रेलवे में नौकरी का सपना देखने वाले उम्मीदवारों के लिए खुशखबरी है. रेलवे भर्ती बोर्ड (RRB) ने जूनियर इंजीनियर समेत कई पदों पर आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है. उम्मीदवार rrbapply.gov.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. यह भर्ती परीक्षा जूनियर इंजीनियर (JE), डिपो मटेरियल सुपरिंटेंडेंट और केमिकल एंड मेटलर्जिकल असिस्टेंट पदों के लिए आयोजित की जाएगी. आवेदन करने से पहले उम्मीदवार पात्रता, आयु सीमा और अन्य जरूरी जानकारी जरूर जांच लें.

RRB JE Recruitment 2025: आयु सीमा

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इस भर्ती के लिए आवेदक की न्यूनतम आयु 18 वर्ष और अधिकतम 36 वर्ष निर्धारित की गई है. आयु की गणना 1 जनवरी 2026 के आधार पर की जाएगी. आरक्षित वर्ग को नियमानुसार आयु में छूट दी जाएगी.

RRB JE Salary 2025: सैलरी और सुविधाएं

इस भर्ती के तहत कुल 2,569 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी. चयनित उम्मीदवारों को पे लेवल-6 के अनुसार ₹35,400 रुपये का बेसिक वेतन मिलेगा. भत्तों समेत कुल इन-हैंड सैलरी लगभग ₹60,000 रुपये तक पहुंच सकती है.

Application Fee: आवेदन शुल्क

जनरल, ओबीसी और EWS वर्ग के लिए आवेदन शुल्क ₹500 है, जबकि SC/ST, महिला, ट्रांसजेंडर और EBC उम्मीदवारों को केवल ₹250 शुल्क देना होगा. भुगतान ऑनलाइन माध्यम से किया जा सकेगा.

RRB JE Recruitment 2025: आवेदन प्रक्रिया

  • सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट rrbapply.gov.in पर जाएं.
  • “RRB JE 2025 Registration” लिंक पर क्लिक करें.
  • मांगी गई जानकारी भरकर रजिस्ट्रेशन करें और लॉगिन करें.
  • सभी दस्तावेज अपलोड करें और आवेदन शुल्क जमा करें.
  • फॉर्म सबमिट कर पुष्टि पेज डाउनलोड कर लें.

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Dularchand Murder Case: दुलारचंद यादव की अंतिम यात्रा में गोलीबारी और पत्थरबाजी, इलाके में तनाव

Dularchand Yadav Murder
Dularchand Yadav Murder(फोटो क्रेडिट : जनसत्ता )

Dularchand Murder Case: मोकामा में जन सुराज पार्टी के नेता दुलारचंद यादव की अंतिम यात्रा के दौरान माहौल अचानक हिंसक हो गया. शोक जुलूस के दौरान भीड़ ने अचानक ईंट-पत्थर फेंकने शुरू कर दिए और कुछ ही देर में गोलियों की आवाज गूंज उठी. स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए भारी संख्या में पुलिस और सुरक्षा बलों की तैनाती करनी पड़ी. फिलहाल प्रशासन ने कहा है कि हालात तनावपूर्ण जरूर हैं, लेकिन पूरी तरह नियंत्रण में हैं.

दुलारचंद यादव की हत्या के बाद उबाल पर जनता का गुस्सा

गुरुवार को हुई वारदात ने मोकामा में सियासी हलचल मचा दी थी. जन सुराज पार्टी से जुड़े दुलारचंद यादव की दिनदहाड़े गोली मारकर और गाड़ी से कुचलकर हत्या कर दी गई थी. शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाया जा रहा था, तभी भीड़ के बीच टकराव शुरू हो गया और हिंसा फैल गई.

न्याय की मांग में उमड़ा जनसैलाब

सुबह से ही हजारों लोग दुलारचंद यादव के घर के बाहर जमा थे. भीड़ ने न्याय और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए नारे लगाए. अंतिम यात्रा के दौरान दुकानों के शटर गिरे रहे और पूरा इलाका सन्नाटे में डूबा रहा. लोगों का कहना है कि जब तक हत्यारों को सजा नहीं मिलेगी, वे शांत नहीं बैठेंगे.

पूरे क्षेत्र में सुरक्षा बल तैनात

दुलारचंद की हत्या के बाद से ही प्रशासन अलर्ट पर है. पुलिस ने कई गांवों में कैंप बना रखा है और केंद्रीय सुरक्षा बलों को भी तैनात किया गया है. मोकामा का टाल क्षेत्र फिलहाल पुलिस छावनी में तब्दील है. स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, हालात सामान्य करने के लिए लगातार गश्त की जा रही है और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सख्त निगरानी रखी जा रही है.

हत्या को लेकर सियासी आरोप-प्रत्यारोप तेज

ग्रामीणों का आरोप है कि दुलारचंद की हत्या एक साजिश के तहत की गई. वहीं, दूसरी तरफ राजनीतिक दलों के बीच एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है. फिलहाल पुलिस ने घटना में शामिल लोगों की पहचान कर कार्रवाई शुरू कर दी है.

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National Unity Day: सरदार पटेल की जयंती पर पीएम मोदी बोले— एक भारत, श्रेष्ठ भारत हमारा संकल्प

पीएम मोदी ने सरदार पटेल को दी श्रद्धांजलि
पीएम मोदी ने सरदार पटेल को दी श्रद्धांजलि

National Unity Day: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को गुजरात के एकता नगर पहुंचकर भारत के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल को श्रद्धांजलि दी. सरदार पटेल की जयंती पर मोदी ने ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ पर पुष्पांजलि अर्पित की और देशवासियों को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई. समारोह में हजारों लोगों की मौजूदगी के बीच एकता और अखंडता का संदेश गूंज उठा.

स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पर भव्य आयोजन

सरदार पटेल की 182 मीटर ऊंची प्रतिमा के सामने आयोजित इस समारोह में प्रधानमंत्री ने कहा कि पटेल के योगदान के बिना भारत की एकता की कल्पना भी नहीं की जा सकती. उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे देश की अखंडता और भाईचारे की भावना को सदैव बनाए रखें.

गणतंत्र दिवस जैसी परेड ने बांधा समां

इस बार राष्ट्रीय एकता दिवस का आयोजन गणतंत्र दिवस की तर्ज पर हुआ. बीएसएफ, सीआरपीएफ, एसएसबी और राज्य पुलिस बलों की टुकड़ियों ने शानदार मार्च पास्ट किया. सांस्कृतिक कार्यक्रमों में देशभर की झलक देखने को मिली, जिसमें ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ थीम केंद्र में रही.

सरदार पटेल के परिवार से मुलाकात

कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सरदार पटेल के पौत्र गौतम पटेल और उनके परिवार से मुलाकात की. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा—

“सरदार पटेल के परिवार से मिलना और उनके राष्ट्र निर्माण में योगदान को याद करना गर्व की बात है.”

सुरक्षा के कड़े इंतजाम और जोश से भरा माहौल

पूरे एकता नगर क्षेत्र में पुलिस और सुरक्षा बलों ने कड़े इंतजाम किए थे. परेड और सांस्कृतिक प्रस्तुति के दौरान “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम” के नारे गूंजते रहे. कार्यक्रम का वीडियो न्यूज एजेंसी पीटीआई ने जारी किया है, जिसमें पीएम मोदी शपथ दिलाते नजर आ रहे हैं.

सरदार पटेल की विरासत

सरदार पटेल ने आज़ादी के बाद 562 रियासतों को एकजुट कर भारत को अखंड राष्ट्र का स्वरूप दिया था. उनके इसी योगदान की याद में 31 अक्टूबर को हर साल राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है.

Sainik School Admission: सैनिक स्कूल में दाखिले की डेडलाइन बढ़ी, अब 9 नवंबर तक भरें फॉर्म — जानें पूरी प्रक्रिया

निक स्कूल में दाखिले का अंतिम मौका
निक स्कूल में दाखिले का अंतिम मौका.

Sainik School Admission: सैनिक स्कूल में दाखिला पाने की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए राहत की खबर है. ऑल इंडिया सैनिक स्कूल एंट्रेंस एग्जामिनेशन (AISSEE 2026) के लिए रजिस्ट्रेशन की अंतिम तिथि बढ़ा दी गई है. अब इच्छुक छात्र 9 नवंबर 2025 तक आवेदन कर सकते हैं. यह परीक्षा जनवरी 2026 में आयोजित की जाएगी.

AISSEE Exam 2026: जनवरी में होगी परीक्षा

नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) सैनिक स्कूल एडमिशन परीक्षा का आयोजन करती है. पहले आवेदन की आखिरी तिथि अक्टूबर के अंत तक थी, जिसे अब बढ़ाकर 9 नवंबर कर दिया गया है. ऐसे उम्मीदवार जिन्होंने अभी तक फॉर्म नहीं भरा है, उनके पास अब एक और मौका है.

जानें परीक्षा की टाइमिंग और अवधि

  • परीक्षा दो कक्षाओं — कक्षा 6 और कक्षा 9 — के लिए होगी.
  • कक्षा 6 परीक्षा: दोपहर 2:00 बजे से 4:30 बजे तक (कुल अवधि – 150 मिनट).
  • कक्षा 9 परीक्षा: दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक (कुल अवधि – 180 मिनट).

Sainik School Registration 2026: ऐसे करें आवेदन

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  • सबसे पहले सैनिक स्कूल एडमिशन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं.
  • होमपेज पर “Registration for AISSEE 2026” के लिंक पर क्लिक करें.
  • नई यूज़र आईडी बनाकर आवश्यक विवरण भरें.
  • लॉगिन कर डॉक्यूमेंट अपलोड करें और आवेदन शुल्क का भुगतान करें.
  • सबमिट करने के बाद कंफर्मेशन पेज डाउनलोड कर लें.

किस जानकारी में सुधार कर सकते हैं — और किनमें नहीं

जिनमें सुधार नहीं होगा:

  • नाम
  • मोबाइल नंबर
  • ईमेल आईडी
  • स्थायी व वर्तमान पता

जिनमें सुधार किया जा सकता है:

  • पिता/माता का नाम
  • जन्मतिथि (Date of Birth)
  • जेंडर
  • कैटेगरी और सब-कैटेगरी
  • अप्लाई की गई क्लास
  • फोटो और सिग्नेचर
  • कैटेगरी/स्टूडेंटशिप सर्टिफिकेट
  • परीक्षा शहर की प्राथमिकता (लेकिन सिर्फ एक ही राज्य या केंद्र शासित प्रदेश के भीतर)

महत्वपूर्ण तिथियां (Important Dates):

  • आवेदन की नई अंतिम तिथि: 9 नवंबर 2025
  • परीक्षा तिथि: जनवरी 2026

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Mokama Murder: मोकामा में फटी सियासी बारूद की बोरी —अनंत सिंह पर FIR दर्ज, चुनावी रण में चढ़ा सियासी पारा

Anant Singh
चुनाव से पहले अनंत सिंह गिरफ्तार: (फोटो : सोशल मीडिया)

Mokama Murder: बिहार में विधानसभा चुनाव की सरगर्मी के बीच मोकामा सीट से बड़ी खबर आई है. टाल इलाके में हुई गोलीबारी और हत्या की घटना ने सियासी माहौल को गर्मा दिया है. इस मामले में जेडीयू प्रत्याशी और बाहुबली पूर्व विधायक अनंत सिंह पर एफआईआर दर्ज की गई है. मृतक की पहचान दुलारचंद यादव के रूप में हुई है, जो जन सुराज पार्टी के प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्शी के समर्थक बताए जा रहे हैं.

मोकामा के टाल क्षेत्र में बवाल, पांच नामजद आरोपी

घटना गुरुवार शाम तारतर गांव के पास हुई, जहां दो गुटों में कहासुनी के बाद गोलीबारी हो गई. मृतक के परिजनों के बयान पर पुलिस ने अनंत सिंह, उनके भतीजे रणवीर और कर्मवीर सिंह समेत पांच लोगों को नामजद किया है. आरोप है कि अनंत सिंह के समर्थकों ने पहले फायरिंग की और फिर गाड़ी चढ़ाकर दुलारचंद की हत्या कर दी. फिलहाल पुलिस ने क्षेत्र में भारी सुरक्षा बल तैनात कर जांच शुरू कर दी है.

मौके से टूटी गाड़ियां और शव बरामद

पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि पुलिस को घटनास्थल से कई वाहन बरामद हुए हैं, जिनमें से एक गाड़ी में दुलारचंद का शव मिला. उन्होंने कहा कि मृतक के खिलाफ पहले भी हत्या और आर्म्स एक्ट के कई मामले दर्ज थे. घटना के बाद से इलाके में दहशत का माहौल है.

अनंत सिंह बोले – “ये राजनीतिक साजिश है”

दूसरी ओर, जेडीयू प्रत्याशी अनंत सिंह ने अपने ऊपर लगे आरोपों को “राजनीतिक साजिश” करार दिया है. उन्होंने दावा किया कि घटना के वक्त वे प्रचार से लौट रहे थे और उनके काफिले की कुछ गाड़ियां आगे निकल चुकी थीं. पीछे चल रही गाड़ियों पर जन सुराज समर्थकों ने हमला किया.
अनंत सिंह ने आरोप लगाया कि यह सब आरजेडी नेता सूरजभान सिंह की साजिश है, ताकि चुनाव से पहले उनकी छवि को नुकसान पहुंचाया जा सके.

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झड़प की शुरुआत कैसे हुई?

स्थानीय सूत्रों के अनुसार, गुरुवार दोपहर खुशहाल चक इलाके में जन सुराज प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्शी और अनंत सिंह के काफिले आमने-सामने आ गए. दोनों दलों के समर्थकों के बीच पहले बहस हुई, फिर ईंट-पत्थर चलने लगे और देखते ही देखते गोलियां भी चल गईं. इसी दौरान दुलारचंद यादव की मौत हो गई.

इलाके में तनाव, पुलिस ने कई जगह डेरा डाला

दुलारचंद यादव की हत्या के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव फैल गया है. पुलिस ने कई गांवों में कैंप कर हालात पर नजर रखी है. अधिकारियों का कहना है कि हालात नियंत्रण में हैं, लेकिन स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है.

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Woman Love Affair : 13 साल की शादी, तीन बच्चे और फिर मोहब्बत में फिसली पूजा — ढाई लाख कैश लेकर प्रेमी संग फरार

महिला प्रेमी संग फरार
महिला प्रेमी संग फरार.

Woman Love Affair : मुजफ्फरपुर ज़िले से एक चौंकाने वाली कहानी सामने आई है, जहां एक शादीशुदा महिला ने अपने परिवार और रिश्तों को छोड़कर अपने प्रेमी के साथ नई ज़िंदगी शुरू करने का फैसला कर लिया. बताया जा रहा है कि महिला न केवल घर से भागी, बल्कि करीब ढाई लाख रुपये नकद लेकर अपने प्रेमी के साथ फरार हो गई.

घटना तुर्की थाना क्षेत्र के खरौना डीह गांव की है. स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला पूजा देवी की शादी करीब 13 साल पहले अमरजीत सहनी से हुई थी. अमरजीत मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता था. दोनों के तीन छोटे बच्चे हैं. सबकुछ सामान्य चल रहा था, लेकिन पिछले कुछ महीनों में पूजा का व्यवहार अचानक बदल गया.

पति की मेहनत, बच्चों की मासूमियत — सब पर भारी पड़ा इश्क

पड़ोसियों का कहना है कि पूजा की मुलाकात कुछ महीनों पहले एक युवक ‘आकाश’ से हुई थी. धीरे-धीरे दोनों के बीच नज़दीकियां बढ़ीं और यह रिश्ता मोहब्बत की हद तक पहुंच गया. बताया जाता है कि पिछले छह महीनों में पूजा कई बार घर से बाहर फोन पर बात करते हुए देखी गई थी.

एक रात अचानक पूजा घर से गायब हो गई. जब पति ने सुबह देखा तो बच्चे अकेले थे और घर की अलमारी से ढाई लाख रुपये भी लापता थे. इस घटना के बाद अमरजीत ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है.

गांव में चर्चा, प्यार या धोखा?

गांव के लोग अब तरह-तरह की बातें कर रहे हैं. कोई इसे प्रेम की दीवानगी बता रहा है तो कोई इसे परिवार के साथ विश्वासघात. स्थानीय लोगों के मुताबिक, पूजा और उसके प्रेमी की तलाश की जा रही है, लेकिन अब तक उनका कोई सुराग नहीं मिला है.

टूटी उम्मीदें और दर्द से भरा घर

तीन बच्चों की देखभाल अब अकेले अमरजीत के जिम्मे है. उनका बड़ा बेटा सुमित बार-बार मां के लौट आने की बात कहता है. लेकिन अमरजीत के चेहरे पर अब सिर्फ थकान और निराशा है. उसने कहा, “अगर वो लौट आए तो भी उसे माफ करना मुश्किल होगा.”

मुजफ्फरपुर की यह घटना समाज के उस पहलू को उजागर करती है, जहां प्यार और ज़िम्मेदारी की जंग में कई बार घर-परिवार हार जाता है.

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Pawan Singh New Bhojpuri Song : पवन सिंह के नए गाने पर झूम उठा बिहार, ‘जोड़ी मोदी नीतीश के हिट होई’ सोशल मीडिया पर हिट

पवन सिंह का नया गाना
पवन सिंह का नया भोजपुरी गाना रिलीज, फोटो- यूट्यूब

Pawan Singh New Bhojpuri Song : भोजपुरी सिनेमा के लोकप्रिय गायक और अभिनेता पवन सिंह एक बार फिर अपने नए गाने को लेकर चर्चा में हैं. उनका ताज़ा गीत ‘जोड़ी मोदी नीतीश के हिट होई’ जैसे ही रिलीज हुआ, सोशल मीडिया पर तहलका मचा गया. रिलीज के कुछ ही घंटों में गाना लाखों दर्शकों तक पहुंच गया और फैंस इसे “इलेक्शन एंथम ऑफ बिहार” बता रहे हैं.

पवन सिंह ने खुद इस गाने का वीडियो अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर किया और लिखा, “रफ्तार पकड़ चुका है बिहार, फिर से NDA सरकार.”
वीडियो के विजुअल्स और लिरिक्स दोनों ही ऐसे हैं जो चुनावी माहौल में लोगों को जोश से भर देते हैं.

गाने में दिखा चुनावी उत्साह

बिहार में जैसे-जैसे राजनीतिक माहौल गरमाता जा रहा है, वैसे-वैसे भोजपुरी इंडस्ट्री भी इस रंग में रंगी नजर आ रही है. पवन सिंह का यह नया गाना भी उसी जोश और ऊर्जा को दर्शाता है.
गाने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जोड़ी की तारीफ करते हुए “फिर एनडीए सरकार” का नारा दिया गया है.
रिलीज के दो घंटे के भीतर ही गाना 1 लाख से ज्यादा व्यूज़ और 35 हजार से अधिक लाइक्स जुटा चुका था.

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पुराने हिट गाने से मिलते-जुलते बीट्स

जानकारों के मुताबिक, इस गाने की बीट्स और म्यूजिक पवन सिंह के सुपरहिट गाने ‘राजाजी के दिलवा’ (2022) की झलक देते हैं.
‘राजाजी के दिलवा’ ने यूट्यूब पर 280 मिलियन से ज्यादा व्यूज़ बटोरे थे और अब पवन सिंह ने उसी एनर्जी को चुनावी अंदाज़ में पेश किया है.
नए सॉन्ग में लोकल ड्रम बीट्स, इलेक्ट्रॉनिक ट्यून और डांस मूव्स का कॉम्बिनेशन दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर रहा है.

फैंस बोले – “पवन भैया मतलब हिट!”

गाने के रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई. एक यूजर ने लिखा, “पवन सिंह का गाना मतलब हिट की गारंटी!”
दूसरे फैन ने कहा, “पवन भैया हर बार कुछ नया लेकर आते हैं, और इस बार तो चुनावी जोश में चार चांद लगा दिए.”
इंस्टाग्राम और यूट्यूब कमेंट सेक्शन हार्ट व फायर इमोजी से भर गया है.

पहले भी दे चुके हैं पॉपुलर सॉन्ग

पवन सिंह ने हाल ही में छठ पर्व पर भी ‘घाटे चलले मोदी नीतीश’ नामक गाना रिलीज किया था, जिसे दर्शकों ने खूब पसंद किया था.
उस गाने के बोल अशोक शिवपुरी, संगीत रत्नेश सिंह, निर्देशन गोल्डी जायसवाल और कोरियोग्राफी सनी सोनकर ने की थी.
अब नए सॉन्ग के साथ पवन सिंह ने एक बार फिर दिखा दिया है कि वे सिर्फ मनोरंजन के नहीं, बल्कि समय की नब्ज समझने वाले कलाकार हैं.

बढ़ता जा रहा है व्यू काउंटर

गाने के व्यू लगातार तेजी से बढ़ रहे हैं और संगीत समीक्षक मानते हैं कि यह ट्रैक आने वाले हफ्तों में भोजपुरी चार्ट्स पर शीर्ष पर रहेगा.
राजनीतिक माहौल में रिलीज हुए इस गाने ने एक बार फिर साबित किया है कि पवन सिंह का नाम अपने आप में ब्रांड बन चुका है — चाहे मंच मनोरंजन का हो या चुनावी उत्साह का.

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Pakistan में ट्रेनिंग लेकर अफगानिस्तान भेजा ISIS आतंकी, बॉर्डर पार करते पकड़ा गया, वीडियो में खुद बताया सबकुछ

Pakistan में ट्रेनिंग लेकर अफगानिस्तान भेजा ISIS आतंकी
Pakistan में ट्रेनिंग लेकर अफगानिस्तान भेजा ISIS आतंकी.

ISIS Fighter Arrested : पाकिस्तान एक बार फिर आतंकवाद को पनाह देने के आरोपों में घिर गया है. अफगान सुरक्षा बलों ने एक ऐसे आईएसआईएस आतंकी को गिरफ्तार किया है जिसने पूछताछ के दौरान और कैमरे के सामने यह स्वीकार किया कि उसे पाकिस्तान में प्रशिक्षण दिया गया था और अफगानिस्तान में आतंकी हमला करने के लिए भेजा गया था. पकड़े गए आतंकी की पहचान सईदुल्लाह के रूप में हुई है.

अफगान सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, यह गिरफ्तारी अफगानिस्तान के तौरखम बॉर्डर के पास हुई, जब सईदुल्लाह नकली पहचान पत्र के सहारे सीमा पार कर रहा था. बाद में जारी एक वीडियो में उसने खुलकर बताया कि उसने पाकिस्तान में हथियार चलाने की ट्रेनिंग ली थी और वैचारिक रूप से ब्रेनवॉश किया गया था.

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पेशावर के मदरसे में ली आतंक की शिक्षा

सईदुल्लाह ने अपने बयान में कहा कि वह पेशावर में तबलीगी सेंटर के पास स्थित एक मदरसे में पढ़ता था, जो लश्कर-ए-तैयबा नामक आतंकी संगठन से जुड़ा हुआ था. वहीं से उसके दिमाग में कट्टरपंथ का ज़हर भरा गया.
उसने बताया कि उसामा नाम के व्यक्ति ने उसे धार्मिक शिक्षा के नाम पर वैचारिक रूप से प्रभावित किया, जबकि क्वेटा (बलूचिस्तान) के पहाड़ी इलाकों में उसे हथियार चलाने और लड़ाई की ट्रेनिंग दी गई.

‘नुसरत’ नाम के व्यक्ति ने ISIS में शामिल कराया

सईदुल्लाह के अनुसार, प्रशिक्षण खत्म होने के बाद वह कुछ समय के लिए पेशावर लौटा, लेकिन कुछ महीनों बाद नुसरत नामक एक व्यक्ति उससे मिला और उसे अफगानिस्तान में आईएसआईएस की शाखा से जुड़ने का प्रस्ताव दिया.
जब उसने पहले इनकार किया, तो नुसरत ने उसके लिए एक नकली अफगान तजकीरा (पहचान पत्र) बनवाया और उसे शरणार्थी बताकर अफगानिस्तान भेज दिया.

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नकली ID के सहारे सीमा पार की

सईदुल्लाह ने बताया, “मुझे नुसरत ने कहा कि अफगानिस्तान जाओ, वहां हमारे लोग तुम्हारा इंतज़ार कर रहे हैं. मैंने नकली तजकीरा लेकर तौरखम के रास्ते सीमा पार की और जलालाबाद पहुंच गया.”
वहां पहुंचने के बाद उसे कुछ नकाबपोश लोगों के हवाले कर दिया गया, जिन्होंने कहा, ‘यह हमारा भाई है, पाकिस्तान से आया है.’

20 विदेशी लड़ाकों के साथ काम करता था

गिरफ्तार आतंकी ने यह भी बताया कि अफगानिस्तान में उसने लगभग 20 विदेशी लड़ाकों के साथ मिलकर काम किया. ये सभी आईएसआईएस की स्थानीय शाखा के सदस्य थे और विभिन्न इलाकों में हमले की योजना बना रहे थे.
हालांकि, बाद में सईदुल्लाह ने अपने कृत्यों पर पछतावा जताया और तालिबान के इस्लामी अमीरात के प्रति वफादारी की शपथ ली.

वीडियो बयान में किए अहम खुलासे

अफगान न्यूज चैनल तोलो न्यूज द्वारा साझा किए गए वीडियो में सईदुल्लाह ने न केवल अपनी पहचान उजागर की बल्कि पाकिस्तान में मौजूद उन व्यक्तियों के नाम भी बताए जो उसे आतंक के रास्ते पर ले गए. उसने कहा कि प्रशिक्षण शिविरों में नियमित रूप से हथियारों का अभ्यास कराया जाता था और कट्टरपंथी विचारधारा सिखाई जाती थी.

फिर उजागर हुआ पाकिस्तान का आतंक नेटवर्क

इस गिरफ्तारी के बाद एक बार फिर पाकिस्तान की भूमिका पर सवाल उठने लगे हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि अफगानिस्तान और पाकिस्तान की सीमा पर सक्रिय आईएसआईएस लड़ाकों की गिरफ्तारियां इस बात का प्रमाण हैं कि पाकिस्तान आतंकवाद को एक रणनीतिक औजार के रूप में इस्तेमाल कर रहा है.
अफगान सैन्य विश्लेषक यूसुफ अमीन जजई ने कहा, “पूरे विश्वास से कहा जा सकता है कि अफगानिस्तान आतंकवाद का केंद्र नहीं है. यह सब कुछ सीमा पार से संचालित हो रहा है.”

राजनीतिक विश्लेषकों ने भी साधा निशाना

राजनीतिक विश्लेषक नकीबुल्लाह नूरी ने कहा कि पाकिस्तान के दावे झूठे साबित हो चुके हैं. उन्होंने कहा, “अब यह पूरी तरह साफ है कि आतंकवादी गतिविधियों का असली केंद्र पाकिस्तान है और वहां की सरकार इस नेटवर्क को नजरअंदाज करती है या मौन समर्थन देती है.”

पहले भी मिल चुके हैं ठोस सबूत

यह कोई पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान की संलिप्तता सामने आई हो. इसी साल जनवरी में अफगानिस्तान की सेंट्रल कमीशन फॉर सिक्योरिटी एंड क्लीयरेंस ने रिपोर्ट जारी कर बताया था कि नए भर्ती किए गए आईएसआईएस आतंकियों को कराची और इस्लामाबाद एयरपोर्ट्स से उठाकर बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा के कबायली इलाकों में स्थित कैंपों में भेजा जा रहा है.
वहां उन्हें क्षेत्रीय देशों, खासकर अफगानिस्तान में हमले करने के लिए प्रशिक्षित किया जाता है.

क्षेत्रीय अस्थिरता पर मंडरा रहा खतरा

सईदुल्लाह की गिरफ्तारी और उसका ऑन-कैमरा कबूलनामा एक बार फिर इस क्षेत्र में पाकिस्तान की भूमिका को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है. विशेषज्ञ मानते हैं कि जब तक पाकिस्तान इन आतंकी ढांचों पर सख्त कार्रवाई नहीं करता, तब तक अफगानिस्तान और आसपास के क्षेत्र में शांति बहाल होना मुश्किल है.

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Mamta Kulkarni: दाऊद इब्राहिम पर बोलीं ममता कुलकर्णी- ‘वह आतंकी नहीं’, अंडरवर्ल्ड डॉन का किया बचाव

दाऊद इब्राहिम पर बोलीं ममता कुलकर्णी
दाऊद इब्राहिम पर बोलीं ममता कुलकर्णी.

Mamta Kulkarni : बॉलीवुड की पूर्व अभिनेत्री ममता कुलकर्णी एक बार फिर सुर्खियों में हैं. उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में हुए एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने ऐसा बयान दिया, जिससे नया विवाद खड़ा हो गया. वायरल हो रहे वीडियो में ममता को अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम का बचाव करते सुना जा सकता है.

आखिर ये क्या बोल गयी

कार्यक्रम में मौजूद लोगों से बातचीत के दौरान ममता ने कहा, “दाऊद इब्राहिम किसी धमाके या देश-विरोधी गतिविधि में शामिल नहीं रहा है. मैं उससे कभी नहीं मिली, न उसका मुझसे कोई लेना-देना है.”
उन्होंने यह भी कहा कि जिन लोगों का नाम लिया जा रहा है, उन्होंने भी देश के खिलाफ कुछ नहीं किया.

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देखें वीडियो

सोशल मीडिया पर मचा बवाल

वीडियो सामने आते ही सोशल मीडिया पर यूजर्स भड़क उठे. कई लोगों ने कहा कि “जो खुद को अध्यात्म का चेहरा बताती हैं, वे अपराधियों का बचाव क्यों कर रही हैं.” ट्विटर और इंस्टाग्राम पर #MamtaKulkarni तेजी से ट्रेंड करने लगा.

ममता ने दी सफाई

बढ़ते विवाद के बीच ममता कुलकर्णी ने इंस्टाग्राम पर स्पष्टीकरण दिया. उन्होंने लिखा कि उनकी बातों को गलत संदर्भ में लिया गया. “मैंने सिर्फ कहा कि मेरा दाऊद से कोई रिश्ता नहीं है. कृपया पूरा इंटरव्यू सुनें,” उन्होंने लिखा.

पहले भी रही विवादों में

यह पहली बार नहीं जब ममता कुलकर्णी का नाम विवादों में आया है. साल 2015 में उन्हें ठाणे पुलिस ने 2,000 करोड़ रुपये के ड्रग तस्करी मामले में नामजद किया था.
हालांकि बाद में बॉम्बे हाईकोर्ट ने उनके खिलाफ मामला खारिज कर उन्हें राहत दी थी.

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