Railway Week : पूर्व रेलवे ने गुरुवार (19 मार्च 2026) को अपने 70वें रेलवे सप्ताह के अवसर पर सियालदह स्थित बी.सी. रॉय ऑडिटोरियम में ज़ोनल स्तर पर “विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार 2025” का भव्य आयोजन किया. इस अवसर पर वर्ष 2025 के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 100 अधिकारियों और कर्मचारियों को सम्मानित किया गया. समारोह की अध्यक्षता महाप्रबंधक मिलिंद देऊस्कर ने की. कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई, जिसमें महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा सीमा देऊस्कर, अपर महाप्रबंधक शीलेंद्र प्रताप सिंह, विभिन्न विभागों के प्रमुख और बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे. आयोजन का मुख्य उद्देश्य रेलवे कर्मियों के समर्पण, कार्यकुशलता और उत्कृष्ट सेवा को पहचान देना था, जिससे संगठन में प्रेरणा और प्रतिस्पर्धा की भावना को बढ़ावा मिले. पूरे कार्यक्रम में सुरक्षा, समयबद्धता और यात्री सेवाओं की गुणवत्ता को केंद्रीय विषय के रूप में प्रस्तुत किया गया.
उपलब्धियों का उत्सव, सुरक्षा पर विशेष फोकस
महाप्रबंधक मिलिंद देऊस्कर ने अपने संबोधन में कहा कि रेलवे सप्ताह केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि पूरे वर्ष की उपलब्धियों का उत्सव है. उन्होंने सभी पुरस्कार विजेताओं को बधाई देते हुए स्पष्ट किया कि पूर्व रेलवे की प्राथमिकता में सुरक्षा सबसे ऊपर है और हर स्तर पर इसी दिशा में काम किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि निरंतर प्रयासों और बेहतर प्रबंधन के कारण वर्ष 2025 के लिए पूर्व रेलवे को रेलवे मंत्रालय स्तर पर प्रतिष्ठित “सेफ्टी शील्ड” प्रदान की गई है. इसके अलावा वाणिज्यिक क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए “वाणिज्यिक शील्ड” भी हासिल हुई है.
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उन्होंने कहा कि ये उपलब्धियां किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरे संगठन की सामूहिक मेहनत का परिणाम हैं. विभिन्न मंडलों, कारखानों और विभागों ने अपने-अपने क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य किया है, जिसके कारण उन्हें अलग-अलग श्रेणियों में शील्ड और कप दिए गए. उन्होंने यह भी कहा कि व्यक्तिगत उत्कृष्टता पुरस्कार पाने वाले 100 कर्मचारी संगठन की असली ताकत हैं, जिनके प्रयासों से रेलवे लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहा है.
अपर महाप्रबंधक शीलेंद्र प्रताप सिंह ने स्वागत भाषण में रेलवे सप्ताह के ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने बताया कि यह आयोजन भारत में पहली रेल सेवा (बोरीबंदर से ठाणे) की शुरुआत की स्मृति में मनाया जाता है. उन्होंने कहा कि भारतीय रेल देश के औद्योगिकीकरण की रीढ़ रही है और आज भी बुनियादी ढांचे और आर्थिक विकास में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है. उन्होंने पूर्व रेलवे की टीम भावना और सामूहिक प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यही एकजुटता संगठन को नई ऊंचाइयों तक ले जाती है.
हावड़ा मंडल का दबदबा, मालदा उपविजेता
समारोह के मुख्य आकर्षण के रूप में विभिन्न मंडलों और विभागों को उनके प्रदर्शन के आधार पर सम्मानित किया गया. हावड़ा मंडल ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए महाप्रबंधक की समग्र दक्षता और समग्र उत्कृष्टता शील्ड हासिल कर प्रथम स्थान प्राप्त किया. वहीं मालदा मंडल ने उपविजेता शील्ड जीतकर दूसरा स्थान हासिल किया.
विभागीय पुरस्कारों में भी हावड़ा मंडल का दबदबा देखने को मिला. वाणिज्य, रेल सहायता और सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में हावड़ा ने शीर्ष स्थान हासिल किया. इंजीनियरिंग श्रेणी में सियालदह मंडल को पुल रखरखाव शील्ड मिली, जबकि हावड़ा को समग्र इंजीनियरिंग दक्षता और मालदा को ट्रैक रखरखाव के लिए सम्मानित किया गया.
चिकित्सा सेवाओं में हावड़ा मंडल को व्यापक स्वास्थ्य सेवा शील्ड प्रदान की गई, जबकि सियालदह मंडल के बीआरएसएच को सर्वश्रेष्ठ अस्पताल कप से सम्मानित किया गया. संचालन और सुरक्षा के क्षेत्र में मालदा मंडल ने परिचालन दक्षता शील्ड जीती, जबकि हावड़ा मंडल ने समयबद्धता में श्रेष्ठ प्रदर्शन किया. सियालदह मंडल को सुरक्षा शील्ड प्रदान की गई, जो रेलवे के लिए सबसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में से एक माना जाता है.
यांत्रिक विभाग में सियालदह मंडल ने रोलिंग स्टॉक शील्ड और कार शेड कप जीतकर अपनी श्रेष्ठता साबित की. वहीं आसनसोल मंडल को कोचिंग डिपो कप प्रदान किया गया. इन सभी पुरस्कारों ने यह दर्शाया कि पूर्व रेलवे के विभिन्न मंडल अलग-अलग क्षेत्रों में लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं और संगठन को मजबूत बना रहे हैं.
सांस्कृतिक प्रस्तुति ने बढ़ाया आकर्षण
औपचारिक पुरस्कार वितरण के साथ-साथ समारोह में सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया, जिसमें रेलवे परिवार के सदस्यों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया. संगीत, नृत्य और अन्य प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को जीवंत बना दिया और उपस्थित लोगों को मनोरंजन के साथ-साथ प्रेरणा भी दी.
महाप्रबंधक ने इस दौरान कहा कि रेलवे केवल एक परिवहन व्यवस्था नहीं, बल्कि एक परिवार की तरह है, जहां हर कर्मचारी संगठन की सफलता में योगदान देता है. उन्होंने कर्मचारियों की प्रतिबद्धता, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना की.
कार्यक्रम का समापन वरिष्ठ उप महाप्रबंधक दीपक निगम के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ. उन्होंने आयोजन की सफलता के लिए सभी कर्मचारियों और अधिकारियों का आभार व्यक्त किया. मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शिबराम माझि ने पूरे कार्यक्रम का कुशल संचालन किया और इसे सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया.
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