Giridih: गिरिडीह में ईद की तैयारियों के बीच एक परिवार की खुशियां उस वक्त गहरे दुख में बदल गईं, जब बाजार से घर लौट रही एक महिला सड़क हादसे की शिकार हो गई. मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बरवाडीह इलाके में शुक्रवार शाम करीब 7.30 बजे यह दर्दनाक घटना हुई. 40 वर्षीय शेरुन निशा अपने 18 साल के बेटे साहिल अंसारी के साथ खरीदारी कर घर लौट रही थीं. बताया जाता है कि जैसे ही वे बरवाडीह के पास पहुंचीं, तेज रफ्तार से आ रही एक बस ने अचानक उन्हें अपनी चपेट में ले लिया. टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि महिला ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि बेटा घायल हो गया.
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घटनास्थल पर मचा हड़कंप, अस्पताल में मां को मृत घोषित
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया और आसपास के लोग बड़ी संख्या में जुट गए. स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायल मां-बेटे को तुरंत सदर अस्पताल पहुंचाया. डॉक्टरों ने जांच के बाद शेरुन निशा को मृत घोषित कर दिया. वहीं साहिल अंसारी का इलाज अस्पताल में जारी है और उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है. इस घटना ने पूरे इलाके में शोक का माहौल बना दिया है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
गुस्साए लोगों का हंगामा, बस में तोड़फोड़ और सड़क जाम
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसे के समय बेटा अपनी मां के साथ ही था और उसने यह दर्दनाक दृश्य अपनी आंखों के सामने देखा. घटना की खबर मिलते ही स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया. गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने गिरिडीह-टुंडी मुख्य सड़क को जाम कर दिया, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया. आक्रोशित भीड़ ने हादसे के लिए जिम्मेदार मानी जा रही बस में तोड़फोड़ भी की. सड़क जाम के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा. सूचना मिलते ही पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाने की कोशिश की, लेकिन लोग मुआवजे की मांग पर अड़े रहे.
मंत्री के आश्वासन के बाद हटा जाम, सामान्य हुई स्थिति
घटना की जानकारी मिलने पर राज्य सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू भी मौके पर पहुंचे. उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की और स्थानीय लोगों से बातचीत की. लोगों ने मृतक के परिजनों को मुआवजा देने और उचित कार्रवाई की मांग रखी. शुरुआत में भीड़ शांत होने को तैयार नहीं थी, लेकिन मंत्री द्वारा हरसंभव सहायता और उचित मुआवजा दिलाने का भरोसा देने के बाद लोग मान गए. इसके बाद सड़क जाम हटाया गया और यातायात फिर से शुरू हो सका. मंत्री ने संबंधित अधिकारियों और बस मालिक से बातचीत कर पीड़ित परिवार को जल्द सहायता दिलाने का आश्वासन भी दिया.
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