इस खबर में क्या है?
IRCTC Scam: राउज एवेन्यू कोर्ट में चल रहे IRCTC मामले में बुधवार को अहम फैसला टल गया है. कोर्ट की ओर से अब इस केस में 22 मई की नई तारीख तय की गई है. पहले उम्मीद की जा रही थी कि अदालत इस दिन मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले में अपना निर्णय सुना सकती है, लेकिन अंतिम समय में सुनवाई को आगे बढ़ा दिया गया.
कोर्ट में चल रही है अहम कानूनी प्रक्रिया
इस केस में आरोप तय करने की प्रक्रिया पहले ही पूरी हो चुकी है और अदालत ने फैसला सुरक्षित रखा था. लेकिन अब सुनवाई टलने के बाद मामला एक बार फिर से चर्चा में आ गया है. इस प्रकरण पर राजनीतिक और कानूनी दोनों स्तरों पर नजरें टिकी हुई हैं.
ईडी की चार्जशीट और आरोप
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने इस मामले में कई लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है. इसमें पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव सहित अन्य नाम शामिल हैं. एजेंसी का दावा है कि जांच के दौरान मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आए हैं.
हाईकोर्ट में भी चुनौती दी गई
सूत्रों के अनुसार, लालू परिवार की ओर से निचली अदालत के अक्टूबर 2025 के आदेश को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है. उस आदेश में उनके खिलाफ भ्रष्टाचार से जुड़े आरोप तय किए गए थे. दूसरी ओर ईडी ने अदालत में दलील दी है कि उनके पास इस पूरे मामले से जुड़े ठोस सबूत मौजूद हैं.
मामला कैसे जुड़ा है IRCTC टेंडर से
जांच एजेंसियों के अनुसार, यह मामला 2004 से 2009 के बीच का है, जब लालू प्रसाद रेल मंत्री थे. आरोप है कि उस दौरान आईआरसीटीसी के तहत रांची और पुरी स्थित दो होटलों के संचालन और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताएं हुई थीं. इन होटलों और संबंधित जमीनों को नियमों के विपरीत निजी कंपनियों को पट्टे पर दिए जाने का आरोप है, जिससे कुछ लोगों को लाभ पहुंचा.
ईडी का कहना है कि इस पूरे मामले में मनी लॉन्ड्रिंग की कड़ियां भी जुड़ी हो सकती हैं, जबकि आरोपियों की ओर से इन सभी दावों को लगातार खारिज किया जाता रहा है. अब सभी की नजरें 22 मई की अगली सुनवाई पर टिकी हैं.
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