Haveli Kharagpur : मुंगेर जिले के हवेली खड़गपुर प्रखंड अंतर्गत बढौना पंचायत के लक्ष्मीपुर गांव में शनिवार को धार्मिक उत्साह और श्रद्धा का अद्भुत दृश्य देखने को मिला. मां दुलहरी स्थान परिसर में आयोजित 48 घंटे के अखंड रामधुन संकीर्तन को लेकर विशाल कलश यात्रा निकाली गयी. इस दौरान बड़ी संख्या में महिलाओं और कन्याओं ने सिर पर कलश रखकर शोभायात्रा में भाग लिया. पूरे रास्ते श्रद्धालु भगवान राम के जयकारे लगाते रहे, जिससे गांव का माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा.
वैदिक विधि से शुरू हुआ धार्मिक अनुष्ठान
धार्मिक कार्यक्रम की शुरुआत वैदिक मंत्रोच्चार और पूजा-अर्चना के साथ हुई. पूजा संपन्न होने के बाद श्रद्धालुओं ने पवित्र जल लेकर कलश भरा और शोभायात्रा में शामिल हुए. यात्रा मां दुलहरी स्थान से निकलकर गांव के विभिन्न धार्मिक स्थलों से होकर गुजरी. रास्ते भर ग्रामीण श्रद्धालुओं का स्वागत करते नजर आये.
यात्रा के दौरान श्रद्धालु भक्ति गीतों और रामधुन पर झूमते रहे. कई स्थानों पर ग्रामीणों ने पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का अभिनंदन किया. वापस मंदिर परिसर पहुंचने के बाद विधि-विधान के साथ कलश स्थापना की गयी और अखंड संकीर्तन शुरू हुआ.
भीषण गर्मी में श्रद्धालुओं के लिए की गयी विशेष व्यवस्था
तेज धूप और गर्म मौसम को देखते हुए ग्रामीणों और आयोजन समिति की ओर से जगह-जगह शीतल पेयजल और नींबू शरबत की व्यवस्था की गयी थी. यात्रा मार्ग में कई सेवा शिविर लगाये गये थे, जहां श्रद्धालुओं को पानी और अन्य राहत सामग्री दी जा रही थी.
ग्रामीणों ने बताया कि आयोजन में आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे हैं. बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में कार्यक्रम को लेकर खास उत्साह दिखाई दिया. महिलाओं की टोली पारंपरिक वेशभूषा में भक्ति गीत गाते हुए आगे बढ़ रही थी.
देवी-देवताओं की प्रतिमाएं बनीं आकर्षण का केंद्र
अखंड रामधुन संकीर्तन स्थल को विशेष रूप से सजाया गया है. परिसर में विभिन्न देवी-देवताओं की आकर्षक प्रतिमाएं स्थापित की गयी हैं, जिनके दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है. शाम होते ही पूरा परिसर रोशनी और भक्ति संगीत से जगमगा उठा.
आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि 48 घंटे तक लगातार रामधुन और कीर्तन का आयोजन किया जाएगा. समापन के बाद श्रद्धालुओं के लिए सामूहिक भंडारे की भी व्यवस्था की गयी है. धार्मिक आयोजन को सफल बनाने के लिए गांव के युवाओं और ग्रामीणों ने मिलकर तैयारी की है.
ग्रामीणों के सहयोग से सफल हो रहा आयोजन
कार्यक्रम को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने में गांव के कई लोगों ने सक्रिय भागीदारी निभायी. आयोजन समिति के सदस्यों के अनुसार, हर वर्ष इस तरह के धार्मिक आयोजन से गांव में सामाजिक एकता और धार्मिक माहौल मजबूत होता है.
कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया गया. देर शाम तक श्रद्धालुओं का मंदिर परिसर में पहुंचना जारी रहा और पूरा इलाका भक्ति रस में डूबा नजर आया.
आयोजन की प्रमुख बातें
- समापन के बाद सामूहिक भंडारे का भी आयोजन किया जाएगा.
- लक्ष्मीपुर गांव में 48 घंटे के अखंड रामधुन संकीर्तन का आयोजन.
- बड़ी संख्या में महिलाओं और कन्याओं ने कलश यात्रा में लिया हिस्सा.
- वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा और कलश स्थापना संपन्न.
- श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह शीतल पेयजल और शरबत की व्यवस्था.
- देवी-देवताओं की आकर्षक प्रतिमाएं श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनीं.
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