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Dhanbad News: केलियासोल और एग्यारकुंड में हैबिटेशन मैपिंग शून्य, निरसा में आंशिक प्रगति

Dhanbad News:

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Dhanbad News: धनबाद जिले में हैबिटेशन मैपिंग कार्य को तेजी लाने के उद्देश्य से शनिवार को एपीओ शंभुदत्त मिश्रा ने निरसा, केलियासोल और एग्यारकुंड प्रखंड के सीआरपी, बीपीओ और एचएम के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की. बैठक में प्रगति रिपोर्ट पर चर्चा की गयी.
रिपोर्ट के अनुसार केलियासोल और एग्यारकुंड प्रखंडों में अब तक एक भी हैबिटेशन मैपिंग नहीं हुई है, जबकि निरसा प्रखंड में केवल 20 मैपिंग पूरी हो पाई हैं. धीमी गति पर असंतोष जताते हुए अधिकारियों ने सभी संबंधितों को पांच दिनों के भीतर मैपिंग पूरी करने और शिक्षकों को टैग करने का निर्देश दिया है. इसके बाद घर-घर सर्वे का चरण शुरू होगा.

शनिवार दोपहर 12.30 बजे तक पूरे जिले में कुल 514 गांवों से 922 हैबिटेशन मैपिंग दर्ज की गई हैं, जिसमें 551 शिक्षकों को टैग किया गया है.

क्या है हैबिटेशन मैपिंग

हैबिटेशन मैपिंग समग्र शिक्षा की वार्षिक कार्य योजना एवं बजट (2026-27) तैयार करने का महत्वपूर्ण चरण है. इसके तहत तीन से 18 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों की संख्या, विद्यालयों में उनका नामांकन, ड्रॉपआउट आंकड़े और अनामांकित बच्चों की सही जानकारी केंद्र सरकार को भेजी जाती है.
स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग द्वारा यह सर्वे विद्यालय स्तर पर शिशु पंजी के माध्यम से कराया जाता है. इस प्रक्रिया में सरकारी, सहायता प्राप्त, अल्पसंख्यक, संस्कृत विद्यालयों और मदरसों के शिक्षकों को भी जिम्मेदारी दी गई है.

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स्कूल से टैग होंगे टोले और गांव

वर्तमान वित्तीय वर्ष में सभी सरकारी प्राथमिक, माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों को शिशु पंजी अपडेट करना है. इसके लिए हर स्कूल को उसके आसपास के टोले और गांवों से टैग किया जाएगा.
हैबिटेशन मैपिंग की प्राथमिक जिम्मेदारी बीइइओ, अवर विद्यालय निरीक्षक, आउट ऑफ स्कूल प्रभारी और बीपीओ को सौंपी गई है.

घर-घर जाकर होगा सर्वे

स्कूलों के प्रधानाध्यापक और संकुल साधन सेवी (सीआरपी) अपने विद्यालयों के शिक्षक एवं पारा-शिक्षकों को संबंधित टोला–गांव से जोड़ेंगे. घर-घर सर्वे वही शिक्षक करेंगे, जिन्हें उस क्षेत्र से टैग किया गया है.
सर्वे का दायरा गांव की जनसंख्या और स्कूल में उपलब्ध शिक्षकों की संख्या के आधार पर तय किया जाएगा, ताकि पूरा काम निर्धारित समय में समाप्त किया जा सके.

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HelloCities24 से शुरुआत के दिनों से ही जुड़ी हैं. डिजिटल मीडिया में काम करने का अनुभव है. राजनीतिक, सामाजिक, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों के साथ-साथ जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा और ग्रामीण पत्रकारिता में गहरी रुचि रखती हैं.
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