Bhagalpur Kali Puja Visarjan : भागलपुर में बड़ी संख्या में काली प्रतिमाएं स्थापित होती हैं, लेकिन विसर्जन के लिए मुसहरी घाट पर फिलहाल एक ही पक्का तालाब उपलब्ध है. प्रतिमाओं की संख्या को देखते हुए नगर निगम को इस बार अस्थाई कृत्रिम तालाब बनाना पड़ रहा है. इससे विसर्जन की व्यवस्था को लेकर बुनियादी ढांचे की कमी भी सामने आ रही है. हालांकि, नगर निगम का दावा है कि विसर्जन शुरू होने से पहले अस्थाई तालाब तैयार कर लिया जाएगा.
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इसी व्यवस्था का जायजा लेने महापौर डॉ. वसुंधरा लाल और उपमहापौर सलाउद्दीन हसन नगर निगम कर्मचारियों तथा केंद्रीय काली पूजा महासमिति की टीम के साथ मुसहरी घाट पहुंचे. महापौर ने निर्माणाधीन अस्थाई तालाब का निरीक्षण किया. इस दौरान महासमिति ने एक और पक्का कृत्रिम तालाब बनाने की मांग भी उठायी.
बड़ी संख्या में प्रतिमाएं, लेकिन पक्का तालाब सिर्फ एक
मुसहरी घाट पर पहले से एक पक्का तालाब मौजूद है. महापौर डॉ. वसुंधरा लाल ने बताया कि भागलपुर में बड़ी संख्या में काली प्रतिमाएं स्थापित की जाती हैं. इसी वजह से विसर्जन के लिए एक अस्थाई कृत्रिम तालाब तैयार कराया जा रहा है.
इसे विसर्जन से पहले पूरा करने का लक्ष्य है, ताकि प्रतिमाओं के विसर्जन के दौरान परेशानी न हो. फिलहाल अस्थाई तालाब के सहारे ही इस बार की व्यवस्था संभालने की तैयारी है.
महासमिति ने उठाया स्थायी व्यवस्था का मुद्दा
केंद्रीय काली पूजा महासमिति के अध्यक्ष ब्रजेश साह ने बताया कि महासमिति ने नगर आयुक्त से मुसहरी घाट पर एक और पक्का कृत्रिम तालाब बनाने की मांग की थी. नगर आयुक्त ने इस संबंध में महापौर से बात करने को कहा था.
इसके बाद महापौर ने आश्वासन दिया कि इस बार काली प्रतिमा विसर्जन के बाद मुसहरी घाट पर एक और पक्का कृत्रिम तालाब बनवाया जाएगा. इससे साफ है कि स्थायी व्यवस्था की जरूरत को लेकर महासमिति लगातार मांग कर रही है.
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विसर्जन के बाद निर्माण का आश्वासन, इस बार अस्थाई तालाब पर निर्भरता
एक और पक्का तालाब बनाने का काम इस बार के विसर्जन के बाद कराया जाएगा. यानी मौजूदा विसर्जन में नई स्थायी सुविधा उपलब्ध नहीं होगी. नगर निगम की तत्काल चुनौती अस्थाई तालाब को समय पर तैयार करने की है. इसके बाद ही भविष्य के लिए अतिरिक्त पक्के तालाब की योजना जमीन पर उतर सकेगी.



