इस खबर में क्या है?
Tej Pratap Yadav Arrested: बिहार बंद के दौरान राजधानी पटना में हुई हिंसा के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद के बड़े पुत्र और पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने उन पर दंगा फैलाने, पुलिस पर हमला करने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया है. इस मामले में तेजप्रताप यादव समेत कुल 209 लोगों की गिरफ्तारी हुई है. गांधी मैदान और कोतवाली थाने में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.
गांधी मैदान और कोतवाली थाने में दर्ज हुई एफआईआर
पटना पुलिस के अनुसार हिंसा की घटना को लेकर गांधी मैदान और कोतवाली थाने में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की गई हैं. गांधी मैदान थाने में दर्ज एफआईआर में पुलिस पर हमला, सरकारी वाहन को क्षतिग्रस्त करने, सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, पथराव और थानाध्यक्ष को घायल करने सहित कई गंभीर धाराएं लगाई गई हैं.
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पुलिस ने बताया कि एक प्राथमिकी पुलिस पदाधिकारी के बयान पर तेजप्रताप यादव के खिलाफ दर्ज की गई है, जबकि दूसरी गांधी मैदान थानाध्यक्ष अखिलेश कुमार मिश्रा के बयान पर दर्ज हुई है.
Tej Pratap Yadav Arrested: थानाध्यक्ष के पैर में लगी चोट
पुलिस का दावा है कि हिंसक प्रदर्शन के दौरान गांधी मैदान थानाध्यक्ष अखिलेश कुमार मिश्रा के पैर में चोट लगी. प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया और सरकारी वाहन को भी नुकसान पहुंचाया. इसके बाद पुलिस ने मौके पर कार्रवाई करते हुए कई लोगों को हिरासत में लिया.
पहले हिरासत में लिया, फिर सेंट्रल मॉल से किया गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक गांधी मैदान इलाके में हंगामा, पथराव और पुलिस वाहन पलटने की घटना के बाद तेजप्रताप यादव को शुरुआती दौर में हिरासत में लिया गया था. हालांकि कुछ देर बाद वह थाने से बाहर निकल गए. इसके बाद पुलिस ने उनकी तलाश शुरू की. छापेमारी के दौरान फ्रेजर रोड स्थित सेंट्रल मॉल से उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया. गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम उन्हें गुप्त स्थान पर ले गई, जहां आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है.
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पटना के एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने तेजप्रताप यादव की गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा कि उन्हें दंगा फैलाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. उन्होंने बताया कि पूरे मामले में अब तक कुल 209 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और सभी के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है.
अन्य आरोपियों की तलाश में छापेमारी जारी
पुलिस का कहना है कि हिंसा में शामिल अन्य लोगों की पहचान सीसीटीवी फुटेज, वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर की जा रही है. फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है. अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा.
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