इस खबर में क्या है?
Raghopur Embankment Breach: बिहार सरकार के ऊर्जा मंत्री शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल के पैतृक गांव राघोपुर में देर रात बड़ा हादसा हो गया. भागलपुर जिले के नवगछिया अनुमंडल अंतर्गत खरीक प्रखंड में राघोपुर-नरकटिया तटबंध अचानक टूट गया. रविवार-सोमवार की दरमियानी रात करीब तीन बजे जल संसाधन विभाग के कैंप कार्यालय के पास तटबंध टूटने के बाद नदी का पानी गांव और कृषि इलाकों की ओर तेजी से बढ़ने लगा. घटना के बाद प्रशासन और जल संसाधन विभाग की टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं.
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मंत्री के गांव में आधी रात को मचा हड़कंप
राघोपुर में रात करीब तीन बजे तटबंध टूटने की खबर से आसपास के इलाके में अफरातफरी मच गई. पानी के दबाव के बीच तटबंध में अचानक भीषण कटाव हुआ और कुछ ही देर में नदी का पानी टूटे हिस्से से बाहर निकलने लगा.
रात का समय होने के कारण ग्रामीणों में दहशत और बढ़ गई. पानी का बहाव आसपास के निचले इलाकों और खेतों की ओर होने लगा, जिससे ग्रामीणों को नुकसान की चिंता सताने लगी.
Raghopur Embankment Breach: जल संसाधन विभाग के कैंप के पास ही टूटा बांध
तटबंध का जिस जगह हिस्सा टूटा है, उसके समीप ही जल संसाधन विभाग का कैंप कार्यालय मौजूद है. घटना की जानकारी मिलते ही विभाग के अभियंता सक्रिय हो गए और मौके पर तकनीकी टीम को लगाया गया.
कटाव को आगे बढ़ने से रोकने के लिए बालू की बोरियां, बोल्डर और अन्य सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है. विभागीय टीम टूटे हिस्से को नियंत्रित करने और तटबंध को दोबारा मजबूत करने में जुटी हुई है.
SDPO और पुलिस बल भी मौके पर पहुंचे
तटबंध टूटने की सूचना मिलते ही नवगछिया के SDPO अनिकेत अमर पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे. स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया.
प्रशासन की टीम पानी के फैलाव और तटबंध की स्थिति पर लगातार नजर रख रही है. फिलहाल प्राथमिकता कटाव को रोकने और आसपास के इलाकों में पानी के फैलाव को नियंत्रित करने की है.
खेतों और रिहायशी इलाकों में पानी फैलने से चिंता
तटबंध टूटने के बाद पानी तेजी से निचले इलाकों की तरफ बढ़ रहा है. इससे आसपास के खेतों के साथ रिहायशी क्षेत्रों में भी परेशानी बढ़ने की आशंका है.
ग्रामीणों की नजर अब इस बात पर है कि बचाव कार्य के बाद तटबंध को कितनी जल्दी सुरक्षित किया जाता है. जल संसाधन विभाग की टीम मौके पर कैंप कर स्थिति को नियंत्रित करने में लगी है.
प्रशासन की नजर, युद्धस्तर पर चल रहा काम
अधिकारी लगातार मौके की निगरानी कर रहे हैं. कटाव निरोधक कार्य में बालू की बोरियों और बोल्डर के साथ अन्य जरूरी संसाधनों का इस्तेमाल किया जा रहा है.
प्रशासन और विभागीय टीम की कोशिश है कि टूटे हिस्से को जल्द से जल्द नियंत्रित किया जाए, ताकि पानी का फैलाव आगे न बढ़े और आसपास के इलाकों को सुरक्षित रखा जा सके.



