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Bihar Sugar Mills: बिहार में बंद पड़ी चीनी मिलों को फिर से चालू करने की योजना सिर्फ औद्योगिक इकाइयों को शुरू करने तक सीमित नहीं है. सरकार इसे गन्ना किसानों, रोजगार और स्थानीय कारोबार को एक साथ गति देने वाले कदम के रूप में देख रही है. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गांधी मैदान से अगले छह महीने में 10 बंद चीनी मिलों को दोबारा शुरू करने का लक्ष्य रखा है.
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मिलें बंद तो किसानों से लेकर बाजार तक पड़ा असर
चीनी मिलों के बंद रहने का असर उन इलाकों के गन्ना किसानों पर भी पड़ता है, जहां उनकी उपज की खरीद के लिए स्थानीय विकल्प सीमित हैं. मिलों के दोबारा चलने पर किसानों को नजदीक में गन्ना बेचने का बाजार मिलेगा. इससे गन्ने की खरीद बढ़ने और किसानों को भुगतान मिलने की व्यवस्था बेहतर होने की उम्मीद है.
एक मिल खुलेगी तो कई कामों में बढ़ेंगे रोजगार के मौके
सरकार के इस फैसले का असर मिल में काम करने वाले कर्मचारियों तक ही नहीं रहेगा. चीनी मिलों के संचालन के साथ गन्ना ढुलाई, परिवहन, व्यापार और दूसरे स्थानीय कारोबार में भी गतिविधियां बढ़ सकती हैं. यानी एक बंद मिल के दोबारा शुरू होने से उसके आसपास रोजगार के कई रास्ते खुलने की उम्मीद है.
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हर परिवार में उद्यमी बनाने का बड़ा लक्ष्य
सरकार ने उद्योग के साथ उद्यमिता को भी अपनी योजना में शामिल किया है. बिहार के करीब साढ़े तीन करोड़ परिवारों का जिक्र करते हुए हर परिवार में कम से कम एक उद्यमी तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है. सरकार का जोर युवाओं को रोजगार पाने वाले के साथ रोजगार देने वाला बनाने पर भी है.
चीनी मिलों से आगे बढ़कर पूरे औद्योगिक ढांचे पर नजर
बंद चीनी मिलों को शुरू करना बिहार में औद्योगिक गतिविधियां बढ़ाने की बड़ी योजना का हिस्सा है. सरकार राज्य में उत्पादन बढ़ाने और स्थानीय उद्योगों को मजबूत करने पर जोर दे रही है. इसके तहत बिहार में तीन लाख करोड़ रुपये के उत्पाद तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है.
बिहार के उत्पाद देश-दुनिया के बाजार तक पहुंचाने की तैयारी
सरकार का फोकस केवल राज्य में उत्पादन बढ़ाने तक नहीं है. बिहार में तैयार होने वाले उत्पादों को देश और विदेश के बाजार तक पहुंचाने की दिशा में भी काम करने की बात कही गयी है. चीनी उद्योग के दोबारा सक्रिय होने को इसी व्यापक औद्योगिक विस्तार से जोड़कर देखा जा रहा है.
विकसित भारत के साथ विकसित बिहार पर फोकस
सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के लक्ष्य में बिहार की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया है. उद्योग, उत्पादन और रोजगार बढ़ाने के साथ बंद औद्योगिक इकाइयों को फिर से खड़ा करने की योजना इसी लक्ष्य से जुड़ी है. अगले छह महीने में 10 चीनी मिलों को शुरू करने का लक्ष्य अब इस दिशा में सरकार की पहली बड़ी परीक्षा होगी.
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