JSSC CGL रद्द: जेएसएससी सीजीएल की नियुक्ति रद्द होने के बाद चयनित 1975 कर्मचारियों के सामने मंगलवार सुबह ही नई स्थिति खड़ी हो गई. सोमवार तक जो कर्मचारी प्रोजेक्ट भवन में ASO, CI और LDC जैसे पदों पर काम कर रहे थे, उन्हें अगले दिन सचिवालय में प्रवेश नहीं करने दिया गया. इसके विरोध में कर्मचारी भारी बारिश के बीच प्रोजेक्ट भवन के मुख्य प्रवेश द्वार पर जुटे और प्रदर्शन किया.
JSSC CGL रद्द, अब चयनित अभ्यर्थियों की नौकरी का क्या होगा? इन सवालों पर टिकी नजर
नियुक्ति रद्द होने के अगले दिन बदली तस्वीर
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को JSSC CGL की नियुक्ति रद्द करने का आदेश जारी किया था. इसके बाद मंगलवार को चयनित कर्मचारियों को प्रोजेक्ट भवन में प्रवेश से रोक दिया गया.
एक दिन पहले तक सरकारी कामकाज में लगे कर्मचारियों की मंगलवार को सचिवालय के बाहर प्रदर्शन करते हुए तस्वीर सामने आई. कर्मचारियों का कहना है कि नियुक्ति रद्द करने के बाद उन्हें काम पर नहीं आने से संबंधित कोई लिखित सूचना नहीं दी गई.
गेट पर रोके जाने से नाराज कर्मचारी
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि जब उन्हें नौकरी से हटाने या काम पर नहीं आने का कोई लिखित नोटिस नहीं मिला है, तो उन्हें प्रोजेक्ट भवन में प्रवेश से क्यों रोका जा रहा है. कर्मचारियों ने सरकार से इस मामले में स्पष्ट जवाब देने की मांग की है.
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उनका कहना है कि बिना नोटिस नौकरी से हटाने के फैसले पर सरकार को पुनर्विचार करना चाहिए.
JSSC CGL 2023 में 1975 अभ्यर्थियों का हुआ था चयन
JSSC CGL 2023 की नियुक्ति प्रक्रिया में कुल 1975 अभ्यर्थियों का चयन हुआ था. चयनित कर्मियों में ASO, CI और LDC जैसे पदों पर नियुक्त कर्मचारी भी शामिल थे.
अब नियुक्ति रद्द किए जाने के बाद इन कर्मचारियों के सामने अपने भविष्य को लेकर सवाल खड़ा हो गया है.
भारी बारिश में सचिवालय के बाहर प्रदर्शन
मंगलवार को प्रभावित कर्मचारी भारी बारिश के बावजूद प्रोजेक्ट भवन के मुख्य प्रवेश द्वार पर प्रदर्शन करते रहे. मामले को देखते हुए सचिवालय परिसर में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है.
कर्मचारियों की मांग है कि सरकार उनके मामले में स्थिति स्पष्ट करे और नियुक्ति रद्द करने के फैसले के बाद उनकी स्थिति को लेकर स्पष्ट जानकारी दे.
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