इस खबर में क्या है?
Bihar New Four Lane: सुलतानगंज से बिहार-झारखंड सीमा तक की सड़क अब फोरलेन होगी. राज्य सरकार ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए 534 करोड़ 53 लाख 59 हजार रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दे दी है. करीब 40 किलोमीटर लंबे इस मार्ग के चौड़ीकरण और मजबूतीकरण का कार्य बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीएसआरडीसीएल) के माध्यम से कराया जाएगा. अधिकारियों के अनुसार जल्द ही टेंडर जारी कर निर्माण प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
स्टेट हाईवे-22 के 40 किमी हिस्से का होगा चौड़ीकरण
परियोजना के तहत स्टेट हाईवे-22 पर सुलतानगंज से बिहार-झारखंड सीमा स्थित दर्दमारा तक किमी-0 से किमी-40 तक सड़क का चौड़ीकरण और मजबूतीकरण किया जाएगा. यह योजना सरकार की प्रगति यात्रा के दौरान घोषित महत्वपूर्ण परियोजनाओं में शामिल थी. प्रशासनिक और तकनीकी स्वीकृति मिलने के बाद अब इसके निर्माण की दिशा में प्रक्रिया तेज हो गई है.
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जल्द जारी होगी निविदा
बीएसआरडीसीएल के अधिकारियों ने बताया कि परियोजना को प्रशासनिक और तकनीकी दोनों तरह की मंजूरी मिल चुकी है. अब अगले कुछ दिनों में निविदा जारी की जाएगी. टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्माण एजेंसी का चयन कर कार्य शुरू कराया जाएगा.
श्रावणी मेला में कांवरियों को मिलेगी बड़ी सुविधा
सुलतानगंज से देवघर जाने वाला यह मार्ग श्रावणी मेला के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख रास्ता है. फोरलेन बनने के बाद कांवरियों की आवाजाही पहले की तुलना में अधिक सुरक्षित और सुगम होगी. इसके साथ ही भीड़भाड़ और जाम की समस्या में भी काफी हद तक कमी आने की उम्मीद है.
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स्थानीय यातायात और व्यापार को मिलेगा लाभ
इस परियोजना का लाभ सिर्फ श्रावणी मेला तक सीमित नहीं रहेगा. सड़क चौड़ी होने से भारी वाहनों और स्थानीय यातायात का संचालन भी आसान होगा. इससे क्षेत्र में परिवहन व्यवस्था बेहतर होगी और लोगों का सफर अधिक सुविधाजनक बनेगा.
इन क्षेत्रों की कनेक्टिविटी होगी मजबूत
फोरलेन सड़क बनने से सुलतानगंज, तारापुर, संग्रामपुर, बेलहर, कटोरिया, चांदन और दर्दमारा समेत मार्ग से जुड़े कई इलाकों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी. बेहतर सड़क नेटवर्क से व्यापारिक गतिविधियों को गति मिलेगी, आवागमन आसान होगा और क्षेत्र के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को भी नया बल मिलने की उम्मीद है.


